लखनऊ. उत्तर प्रदेश के परिषदीय और मान्यता प्राप्त विद्यालयों में शैक्षिक सत्र 2026-27 की अर्द्धवार्षिक परीक्षाओं का कार्यक्रम जारी कर दिया गया है. कक्षा 1 से 8 तक की परीक्षाएं 17 नवंबर से शुरू होकर 21 नवंबर तक चलेंगी. परीक्षा दो पालियों में कराई जाएगी. पहली पाली सुबह 9:30 से 11:30 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 12:30 से 2:30 बजे तक होगी. परीक्षा के लिए प्रश्नपत्र तैयार करने, छपाई और वितरण की जिम्मेदारी भी तय की गई है.

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कक्षा 1 की मौखिक, अन्य कक्षाओं की लिखित परीक्षा

बेसिक शिक्षा परिषद के निर्देशों के अनुसार, कक्षा 1 के विद्यार्थियों की अर्द्धवार्षिक परीक्षा मौखिक होगी. कक्षा 2 से 5 तक लिखित और मौखिक, दोनों तरह की परीक्षाएं होंगी. कक्षा 6 से 8 तक के विद्यार्थियों को लिखित परीक्षा देनी होगी. लिखित परीक्षा की अवधि दो घंटे निर्धारित की गई है. मौखिक परीक्षा का समय प्रधानाध्यापक अपनी सुविधा के अनुसार तय करेंगे.

जिले में तैयार होंगे प्रश्नपत्र

परीक्षा के लिए मॉडल प्रश्नपत्र संबंधित जिले के जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) की ओर से तैयार किए जाएंगे. इसके बाद जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी की देखरेख में प्रश्नपत्रों की छपाई कराई जाएगी. विद्यालयों तक प्रश्नपत्र समय पर पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं. प्रश्नपत्रों की गोपनीयता और गुणवत्ता बनाए रखने की जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों की होगी.

कक्षा 2 से 8 तक 50 अंकों की परीक्षा

कक्षा 2 से 8 तक की लिखित अर्द्धवार्षिक परीक्षा 50 अंकों की होगी. प्रश्नपत्र में बहुविकल्पीय, अति लघु उत्तरीय, लघु उत्तरीय और दीर्घ उत्तरीय प्रश्न शामिल होंगे. उत्तरों की शब्द सीमा कक्षा के अनुसार अलग-अलग तय की गई है. कक्षा 2 और 3 में लघु उत्तर अधिकतम 10 शब्द और दीर्घ उत्तर 20 शब्दों तक होंगे. कक्षा 4 और 5 में यह सीमा क्रमशः 25 और 40 शब्द है. कक्षा 6 से 8 तक लघु उत्तर 35 और दीर्घ उत्तर 75 शब्दों तक होंगे.

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परीक्षा के बाद होगा मूल्यांकन

परीक्षा समाप्त होने के बाद उत्तर पुस्तिकाओं की जांच की जाएगी. प्रश्नपत्र, उत्तर पुस्तिकाएं और अन्य जरूरी अभिलेख विद्यालयों में सुरक्षित रखे जाएंगे. मूल्यांकन की प्रक्रिया पूरी कराने के लिए शिक्षकों और संबंधित अधिकारियों को जिम्मेदारी दी जाएगी. विद्यालयों को परीक्षा व्यवस्था और रिकॉर्ड के रखरखाव से जुड़े निर्देशों का पालन करना होगा.