मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बरेली पुलिस लाइन में आयोजित कार्यक्रम में 68 हजार ग्राम प्रहरियों का मानदेय बढ़ाने और उनके परिवारों को 5 लाख रुपये तक कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा देने की घोषणा की. उन्होंने ग्राम प्रहरियों से गांवों में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने और समय रहते पुलिस को सूचना देने की अपील की.

बरेली. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बरेली पुलिस लाइन में आयोजित कार्यक्रम में प्रदेश के 68 हजार ग्राम प्रहरियों के मानदेय में बढ़ोतरी और उनके परिवारों को 5 लाख रुपये तक कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा देने की घोषणा की. इस दौरान उन्होंने ग्राम प्रहरियों की भूमिका को गांवों की सुरक्षा के लिए अहम बताते हुए पुलिस के साथ बेहतर तालमेल बनाकर काम करने की अपील की.

गांवों की सुरक्षा पर जोर

मुख्यमंत्री ने ग्राम प्रहरियों की तुलना गांवों में लगे सीसीटीवी कैमरों से करते हुए कहा कि उन्हें आसपास की गतिविधियों पर नजर रखनी चाहिए. किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी समय रहते पुलिस को देने से अपराध रोकने में मदद मिल सकती है.

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अपराधियों के मन में कानून का भय होना जरूरी है. उन्होंने पुलिस और ग्राम प्रहरियों के बीच बेहतर समन्वय को कानून-व्यवस्था मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण बताया.

सपा पर साधा निशाना

मुख्यमंत्री ने प्रदेश की पिछली सरकारों, खासकर समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा. उन्होंने आरोप लगाया कि 2017 से पहले सत्ता में बैठे कुछ लोग खुद डकैती करते थे और दूसरों से भी करवाते थे. उस समय पुलिस मूकदर्शक बनी रहती थी, ऐसा दावा भी उन्होंने किया.

मंत्रियों ने गिनाए बदलाव

कार्यक्रम में मंत्री धर्मपाल सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की प्रशंसा करते हुए कहा कि वे युवाओं के बीच लोकप्रिय हैं. उन्होंने दावा किया कि गांवों में लोग कहते हैं कि सरकार ने गुंडागर्दी खत्म की है. धर्मपाल सिंह ने भी विपक्ष पर निशाना साधा.

वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने ग्राम प्रहरियों के योगदान की सराहना की. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में कई बदलाव हुए हैं. साथ ही, उन्होंने करीब छह करोड़ लोगों को गरीबी रेखा से बाहर निकालने का दावा किया और कार्यक्रम के आयोजन के लिए पुलिस विभाग को बधाई दी.