Business Desk – साल 2026 में IPO बाजार ने निवेशकों को अब तक शानदार कमाई का मौका दिया है। इस साल लिस्ट हुए 44 मेनबोर्ड IPO में से 34 शेयर अपने इश्यू प्राइस से ऊपर कारोबार कर रहे हैं। इनमें तीन शेयर ऐसे हैं, जिन्होंने निवेशकों का पैसा दोगुने से ज्यादा कर दिया है।

ओमनीटेक इंजीनियरिंग ने करीब 158.4%, सेडेमैक मेकाट्रॉनिक्स ने 126.3% और शैडोफैक्स टेक्नोलॉजीज ने करीब 100.2% रिटर्न दिया है। 44 IPO के जरिए कंपनियों ने करीब 67,185.6 करोड़ रुपए जुटाए हैं और इन सभी IPO को मिलाकर इश्यू प्राइस के मुकाबले औसत रिटर्न 28.44% रहा है।
44 में से 34 IPO इश्यू प्राइस से ऊपर
2026 में अब तक मेनबोर्ड सेगमेंट की 44 कंपनियां शेयर बाजार में लिस्ट हो चुकी हैं। इनमें 34 शेयर फिलहाल अपने IPO इश्यू प्राइस से ऊपर हैं, जबकि 10 शेयर नुकसान में कारोबार कर रहे हैं।
लिस्टिंग के दिन भी IPO निवेशकों को फायदा मिला। 44 में से 30 शेयर इश्यू प्राइस से ऊपर खुले, जबकि 14 शेयर नीचे खुले। लिस्टिंग वाले दिन शुरुआती बढ़त का औसत 7.30% रहा। कारोबार खत्म होने तक 28 शेयर हरे निशान में रहे और 16 शेयर इश्यू प्राइस से नीचे बंद हुए। लिस्टिंग डे क्लोज के आधार पर औसत बढ़त 7.41% रही।
ओमनीटेक इंजीनियरिंग सबसे आगे
इन तीन मल्टीबैगर शेयरों में सबसे शानदार प्रदर्शन ओमनीटेक इंजीनियरिंग का रहा है। कंपनी के शेयर 5 मार्च 2026 को लिस्ट हुए थे। IPO में शेयर का इश्यू प्राइस 227 रुपए था, जबकि LTP 586.5 रुपए रहा। इस तरह IPO प्राइस के मुकाबले शेयर ने करीब 158.4% रिटर्न दिया है।
सेडेमैक मेकाट्रॉनिक्स ने दिया 126% रिटर्न
सेडेमैक मेकाट्रॉनिक्स के शेयर 11 मार्च 2026 को लिस्ट हुए थे। कंपनी ने IPO के दौरान शेयर 1,352 रुपए में जारी किए थे। बाद में शेयर की कीमत 3,059.8 रुपए तक पहुंच गई। इस हिसाब से निवेशकों को IPO इश्यू प्राइस के मुकाबले करीब 126.3% रिटर्न मिला।
शैडोफैक्स टेक्नोलॉजीज भी 100% क्लब में
शैडोफैक्स टेक्नोलॉजीज के शेयर 28 जनवरी 2026 को बाजार में उतरे थे। IPO में इश्यू प्राइस 124 रुपए था, जबकि शेयर 248.3 रुपए पर कारोबार कर रहा था। यानी IPO प्राइस के मुकाबले इसमें करीब 100.2% की बढ़त हो चुकी है।
क्या आगे भी जारी रहेगी तेजी?
इतनी तेज बढ़त के बाद अब सवाल है कि क्या ये शेयर आगे भी Multibagger रिटर्न देंगे। INVasset PMS के बिजनेस हेड हर्षल दासानी के मुताबिक, अब इन कंपनियों की कमाई को शेयर की कीमत के साथ कदम मिलाना होगा। IPO इश्यू प्राइस से दोगुने से ज्यादा बढ़ने के बाद केवल IPO प्राइस को वैल्यूएशन का आधार मानना उपयोगी नहीं रहता।
दासानी के अनुसार, तीनों कंपनियों ने मजबूत ग्रोथ मोमेंटम दिखाया है। हालांकि मौजूदा वैल्यूएशन में भविष्य की ग्रोथ का बड़ा हिस्सा शामिल हो चुका है। अब इनकी असली परीक्षा कमाई और एक्जीक्यूशन की होगी।
ओमनीटेक रिस्क-रिवॉर्ड में पसंदीदा
दासानी की जोखिम और रिटर्न के लिहाज से पहली पसंद ओमनीटेक इंजीनियरिंग है, जबकि बिजनेस क्वालिटी में वह सेडेमैक मेकाट्रॉनिक्स को बेहतर मानते हैं। उनके मुताबिक ओमनीटेक का रिस्क-रिवॉर्ड ज्यादा संतुलित है। IPO के बाद कंपनी की ग्रोथ के साथ मार्जिन में सुधार और ऑपरेटिंग लीवरेज भी देखने को मिला है।
मास्टरट्रस्ट के चीफ रिसर्च ऑफिसर रवि सिंह के मुताबिक, शैडोफैक्स टेक्नोलॉजीज और सेडेमैक मेकाट्रॉनिक्स दोनों का टेक्निकल स्ट्रक्चर बुलिश है। दोनों शेयर हायर हाई और हायर लो बना रहे हैं। हालांकि तेज बढ़त के बाद वैल्यूएशन पर नजर रखना जरूरी है।
IPO की पाइपलाइन भी मजबूत
प्राइम डेटाबेस के अनुसार, 171 कंपनियों को IPO लाने के लिए सेबी की मंजूरी मिल चुकी है। इनमें हीरो फिनकॉर्प, जेप्टो, इंदिरा IVF हॉस्पिटल और इनक्रेड होल्डिंग्स शामिल हैं। इन कंपनियों के जरिए करीब 1.08 लाख करोड़ रुपए जुटाने का अनुमान है।
इसके अलावा 71 कंपनियों ने सेबी के पास ड्राफ्ट पेपर दाखिल किए हैं। ये कंपनियां करीब 1,91,590 करोड़ रुपए जुटाने की तैयारी में हैं। इस सूची में जियो प्लेटफॉर्म्स, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया, फोनपे और मुथूट फिनकॉर्प जैसे नाम शामिल हैं।
आने वाले महीनों में IPO बाजार की रफ्तार काफी हद तक सेकेंडरी मार्केट के प्रदर्शन पर निर्भर करेगी। शेयर बाजार में तेजी बनी रही और नए IPO में मजबूत लिस्टिंग गेन मिले तो प्राइमरी मार्केट में निवेशकों की दिलचस्पी भी कायम रह सकती है।


