लक्ष्य वर्मा, करनाल। केंद्रीय ऊर्जा आवास एवं शहरी विकास मंत्री मनोहर लाल ने वीरवार को जिला परिषद कार्यालय के सभागार में पायलट प्रोजेक्ट के तहत चयनित जिला के 40 गांवों को मॉडल गांव के रूप में विकसित करने के उद्देश्य से वरिष्ठ अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक कर विभिन्न विकास परियोजनाओं एवं केंद्र तथा प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति का विस्तृत आकलन किया।

उन्होंने योजनाओं के प्रभावी, पारदर्शी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन को सुनिश्चित करने के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत – विकसित हरियाणा के संकल्प को साकार करने के लिए हम सभी मिलकर निरंतर कार्य कर रहे हैं।

कोई भी पात्र व्यक्ति शासन की योजना से वंचित न रहे, अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक सुशासन का लाभ पहुंचे, यही हमारा संकल्प है।

केंद्रीय मंत्री मोहनलाल ने पायलट प्रोजेक्ट के तहत चयनित जिला के चयनित 40 गांवों में मुख्यत: ग्राम सचिवालय, व्यायाम शाला, शिवधाम, फिरनी, स्ट्रीट लाइट, स्कूल व ई-लाइब्रेरी, तालाब, सीवरेज इत्यादि को दुरुस्त करने का बीड़ा उठाया और अधिकारियों को निर्देश दिए कि यह सभी कार्य धरातल पर नजर आए और लोगों को सुविधाओं का लाभ मिले।

बैठक में संबंधित विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इन गांवों में से अधिकांश गांवों में उक्त परियोजनाओं पर कार्य पूर्ण हो चुका है, कुछ में कार्य प्रगति पर है शेष गांवों में इन परियोजनाओं के लिए अनुमानित लागत बनाकर स्वीकृति व बजट के मुख्यालय भेजा गया है।

इस पर केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने कहा कि हाल ही में सरकार द्वारा करीब 19 करोड़ का बजट स्वीकृत कर दिया गया है। इस पर उपायुक्त डा. आनंद कुमार शर्मा ने कहा कि इन कार्यो को भी जल्द शुरू करवा दिया जाएगा।

उन्होंने स्पष्ट कहा कि जो विकास कार्य हो चुके है उनकी निगरानी भी रखी जाए और समय पर मरम्मत करना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि अधिकारी पब्लिक के दर्द को अपना दर्द समझें और जिस गांव व क्षेत्र में मूलभूत आवश्यकता की जरूरत है, उसे प्राथमिकता से पूरा करे। उन्होंने कहा कि आबादी बढ़ने के साथ-साथ गांवों में विकास कार्यो की आवश्यकता भी बढ़ती है

इन विकास परियोजनाओं के क्रियान्वयन के लिए बजट सरकार उपलब्ध कराएगी। लेकिन जमीन ग्राम पंचायत दे जहां जमीन उपलब्ध नहीं है। उसकी व्यवस्था करवाने की भी ग्राम पंचायत की जिम्मेदारी बनती है।

उन्होंने मुख्यालय से आए अधिकारियों को भी निर्देश दिए कि मुख्यालय स्तर पर जो भी फाइल विकास कार्यों को लेकर भेजी जाए उसकी क्लीयरेंस एक सप्ताह में अवश्य कर दें। उन्होंने कहा कि हर गांव के लिए कितना बजट प्राप्त हुआ, कितना मांगा गया था, कितना खर्च किया जाना था और कितना खर्च किया गया है।

यह सारी डिटेल आगामी बैठक से पहले तैयार कर ले ताकि अगली बैठक में इन कार्यों पर विचार विमर्श किया जा सके। केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने कहा कि पायलट प्रोजेक्ट के तहत चयनित जिला के 40 गांवों के साथ-साथ जिले के शत-प्रतिशत गांवों में शिवधाम, फिरनी, स्ट्रीट लाइट, स्कूल के कमरे, चारदीवारी, पेयजल, शौचालय इत्यादि तथा ई-लाइब्रेरी की सुविधा उपलब्ध करवाना सुनिश्चित करे।

बैठक में गवर्नमेंट चीफ व्हिप इंद्री के विधायक रामकुमार कश्यप, नीलोखेड़ी के विधायक भगवानदास कबीरपंथी, करनाल के विधायक जगमोहन आनंद, असंध के विधायक योगेंद्र राणा, सांसद प्रतिनिधि कविंद्र राणा, आयुष विभाग के महानिदेशक संजीव वर्मा, शिक्षा विभाग के निदेशक जितेंद्र दहिया, विकास एवं पंचायत विभाग के निदेशक अनीश यादव, डीसी डा. आनंद कुमार शर्मा , एडीसी डा. राहुल रईया, सीईओ जिला परिषद अमित कुमार के अलावा विभिन्न संबंधित विभागों के मुख्यालय स्तर और जिला स्तर के अधिकारी उपस्थित रहे।