लखनऊ. उत्तर प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ ने सोशल युवाओं को लेकर चिंता व्यक्त की है. उन्होंने ‘योगी की पाती’ के जरिए सेल्फी, फोटो, वीडियो और रील्स के चलते अपनी जान जोखिम में डालने को लेकर चिंता जाहिर की है. उन्होंंने कहा है कि अनेक युवा लाइक, व्यूज और फॉलोअर्स के मोहजाल में पड़कर घरों के अंदर और सड़क पर स्टंट, तेज रफ्तार बाइक एवं कार पर करतब दिखाने, रेलवे ट्रैक पर और ट्रेन के दरवाजों से लटककर वीडियो बनाने, ऊंची इमारतों, पहाड़ों, नदियों, पुलों, एक्सप्रेसवे और यहां तक कि पानी की टंकियों पर खतरनाक ढंग से सेल्फी लेने जैसे जोखिम उठा रहे हैं. यह न केवल उनके लिए घातक है, बल्कि उनके अपनों के सपनों को भी क्षणभर में तोड़ सकता है.
योगी ने लिखा है कि ‘मेरे प्यारे बच्चों, सोशल मीडिया के बढ़ते प्रभाव ने विश्व को डिजिटल डेमोक्रेसी में परिवर्तित किया है. सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म्स आज सृजनात्मकता, संचार एवं सूचना के सशक्त माध्यम हैं. परंतु इसी क्रम में एक चिंताजनक प्रवृत्ति भी सामने आई है. यह है जीवन को जोखिम में डालकर रौल बनाने और सेल्फी लेने की बढ़ती होड़ आज अनेक मुवा लाइक, व्यूल और फॉलोअर्स के मोहलाल में पड़कर घरों के अंदर और सड़क पर स्टंट, तेज रफ्तार बाइक और कार पर करतब दिखाने, रेलवे ट्रैक पर और ट्रेन के दरवाजों से लटककर वीडियो बनाने, ऊंची इमारतों, पहाड़ों, नदियों, पुलों, एक्सप्रेसवे और यहां तक कि पानी की टंकियों पर खतरनाक ढंग से सेल्फी लेने जैसे जोखिम उठा रहे हैं. यह न केवल उनके लिए घातक है, बल्कि उनके अपनों के सपनों को भी क्षणभर में तोड़ सकता है. आए दिन होने वाली दुर्घटनाएं इसकी साक्षी है.
इसे भी पढ़ें : UP WEATHER TODAY : मौसम फिर लेगा करवट, प्रदेश के कई हिस्सों में आंधी-तूफान और ओलावृष्टि का अलर्ट
सीएम ने लिखा ‘अक्सर हम आंतरिक नकारात्मकता, अकेलेपन मा दिखावे की मानसिकता के कारण डिजिटल दुनिया में कुछ अलग करने का प्रयास करते हैं. ऑनलाइन गेमिंग और अत्यधिक स्क्रीन टाइम ने भी इस प्रवृत्ति को बढ़ामा है, जिसका प्रभाव सामाजिक व्यवहार और व्यक्तित्व विकास पर पड़ता है. ऐसे किशोर और युवा साथियों से मैं कहना चाहूंगा कि आप पर परिवार, समाज, प्रदेश और देश का दायित्व है. आप उनके प्रति अपना योगदान देकर वास्तविक नायक बन सकते हैं. इंटरनेट पर ट्रेड देखकर स्वयं को वायरल करने का प्रयास घातक हो सकता है. रील बनाएं, जिसका विषय सांस्कृतिक, अपनी धरोहर से संबंधित और समाज में सकारात्मकता पैदा करने वाले हो. लाइक और व्यूज के लिए जीवन दांव पर न लगाएं. ‘रील’ और ‘रियल’ में अंतर करना सीखिए.’
योगी ने आगे लिखा ‘प्रिय अभिभावकों, मैं कुछ बातें आपसे भी कहना चाहता हूं. सोशल मीडिया के इस युग में डिजिटल अवेयरनेस और डिजिटल लिट्रेसी अत्यंत आवश्यक है. सोशल मीडिया का उपयोग ज्ञान और सकारात्मक अभिव्यक्ति के लिए होना चाहिए. यह आपका भी दायित्व है कि आपके बच्चे समय का सदुपयोग करें. अपने बच्चों को रचनात्मक कार्यों के लिए प्रेरित करें. प्रदेश सरकार ने युवाओं के लिए अनेक योजनाएं चला रखी है. अपनी रुचि के अनुसार मुवा उनका लाभ उठाएं. याद रखें, समृद्ध प्रदेश का आधार सशक्त युवा हैं और इनके उज्ज्वल भविष्य का प्रथम द्वार घर की व्यावहारिक शिक्षा से ही खुलता है.’
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- उत्तर प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- लल्लूराम डॉट कॉम की खबरें

