Bihar Cabinet Expansion: देश की सियासत में इस समय महिला आरक्षण बिल को लेकर राजनीतिक बहस जारी है। पक्ष हो या विपक्ष सभी दल खुद को महिला हितैषी बताती है। लेकिन जब, महिलाओं को भागीदारी देने की बात आती है, तो उनके कथनी और करनी में बड़ा अंतर देखने को मिलता है। महिला सशक्तिकरण के दावों के बीच बिहार में एनडीए सरकार की नई कैबिनेट विस्तार को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं, जिसमें केवल 5 महिलाओं को ही मंत्री बनाया गया है।

बिहार कैबिनेट में सिर्फ 5 महिलाओं को जगह मिलने पर राजनीतिक बयानबाजी भी शुरू हो गई है। वीआईपी पार्टी के प्रमुख मुकेश सहनी ने महिला आरक्षण को लेकर भाजपा एनडीए पर जोरदार हमला बोला है।

क्या यही महिलाओं का 33 प्रतिशत आरक्षण है?

मुकेश सहनी ने कहा कि, भाजपा महिला आरक्षण को लेकर बड़ी-बड़ी बात करती है। लेकिन आज मंत्रिमंडल विस्तार में उसका असली चेहरा सामने आ गया। सहनी ने कहा कि आज 32 मंत्रियों ने पद और गोपनीयता की शपथ ली, लेकिन पांच महिलाओं को ही प्रतिनिधित्व दिया गया। क्या महिलाओं का 33 प्रतिशत आरक्षण यही है? उन्होंने कहा कि, महिला आरक्षण के नाम पर भाजपा शुरू से राजनीति कर रही है। महिला आरक्षण बिल संसद में पास हो चुका है, लेकिन उसे लागू नहीं किया जा रहा है।

परिवारवाद को लेकर भी बोला हमला

मुकेश सहनी ने परिवारवाद को लेकर भी बिहार की एनडीए सरकार पर हमला बोला। सहनी ने कहा कि, राजनीति में मर्यादा और परंपरा का निर्वहन किया जाना चाहिए, लेकिन आज मंत्रिमंडल में ऐसे दो लोग शामिल हैं, जो न तो विधायक हैं और न ही विधान पार्षद, बस बड़े नेताओं के बेटे (निशांत कुमार, दीपक प्रकाश) हैं। यही नहीं मंत्रिमंडल में शामिल तीन मंत्रियों के पुत्र पूर्व में मुख्यमंत्री (संतोष सुमन- जीतन राम मांझी) रह चुके हैं।

उन्होंने बीजेपी से पूछा कि मंत्रिमंडल में कितने युवराजों को स्थान दिया गया है? मुकेश सहनी ने कहा कि किसी भी चीज को लेकर विपक्ष पर ठीकरा फोड़ना अलग बात है, लेकिन हकीकत अलग बात है। आज मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर भाजपा का असली चेहरा सामने आ गया।

32 मंत्रियों ने ली पद की शपथ

गौरतलब है कि बिहार में सम्राट सरकार के कैबिनेट का विस्तार पूरा हो गया है। कैबिनेट विस्तार में 32 नेताओं ने मंत्री पद की शपथ ली। भाजपा को 15, जेडीयू को 13, लोजपा (रामविलास) को 2, हम और रालोमो को 1-1 मंत्री पद मिला। इसके साथ ही सम्राट सरकार में सीएम समेत मंत्रियों की कुल संख्या 35 हो गई। कैबिनेट में 5 महिलाओं को जगह मिली है।

जदयू से 3 बीजेपी से 2 महिलाएं बनी मंत्री

जदयू से स्वेता गुप्ता (समाज कल्याण), लेशी सिंह (भवन निर्माण), शीला मंडल को (विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकि शिक्षा विभाग) मिला है। वहीं, बीजेपी से रमा निषाद को (पिछड़ा एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग) और श्रेयशी सिंह को (उद्योग खेल विभाग) की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

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