करनाल। डीसी डॉ. आनंद कुमार शर्मा ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग की हिदायतों के अनुसार संपूर्ण देश में मतदाता सूचियों का विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 का कार्य करवाया जा रहा है। इस अभियान के तहत बीएलओ द्वारा मतदाताओं के घर-घर जाकर फार्म वितरण करने का कार्य किया जा रहा है। मतदाता भी अपनी सटीक जानकारी फॉर्म में भरकर बीएलओ को दें। उन्होंने अपील की कि मतदाता सूची में पात्र व्यक्तियों का नाम जोड़ने, दोहरी वोट कटवाने व मृत मतदाता का नाम हटवाने के कार्य में राजनीतिक दलों के बीएलए भी सहयोग करें।
उन्होंने बताया कि एसआईआर का उद्देश्य मतदाता सूची का शुद्धिकरण करना है ताकि कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची से नाम दर्ज करवाने से वंचित ना रहे और कोई भी अपात्र व्यक्ति या जिसकी मृत्यु हो चुकी हो वह मतदाता सूची में शामिल न रहे। अभियान के तहत 14 जुलाई तक बीएलओ घर-घर जाकर मतदाताओं का सत्यापन करेंगे।
इस दौरान किसी भी पात्र व्यक्ति का नाम मतदाता सूची से काटा नहीं जाएगा, केवल अपात्र व्यक्ति का नाम नोटिस जारी करने की प्रक्रिया अपनाते हुए मतदाता सूची से हटाया जाएगा। इसके अलावा 1 जुलाई 2026 को क्वालिफाइंग तिथि मानकर 18 वर्ष की आयु पूरी कर रहे युवा भी अपनी वोट बनवा सकेंगे और जिन्हें मतदाता सूची में शामिल किया जाएगा।

मतदाता सूची के सत्यापन के समय दिखा सकते ये दस्तावेज
डीसी डॉ. आनंद कुमार शर्मा ने बताया कि निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार केंद्र एवं राज्य सरकार/पीएसयू कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के पहचान पत्र एवं पीपीओ नंबर मान्य होंगे। इसके अलावा जन्म प्रमाण पत्र, पासपोर्ट, शैक्षणिक प्रमाण पत्र, स्थायी निवास प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, परिवार रजिस्टर तथा सरकार द्वारा जारी भूमि या मकान आवंटन प्रमाण पत्र इत्यादि भी मान्य दस्तावेजों में शामिल हैं। इन दस्तावेजों में से कोई एक बीएलओ को सत्यापन के लिए दिखा सकते हैं।
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