० नारनौल, अटेली, रेवाड़ी और रींगस समेत कई स्टेशनों पर होगा ठहराव, टिकट बुकिंग शुरू

नारनौल। सावन के पवित्र महीने में खाटूश्यामजी और हरिद्वार जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए रेलवे ने बड़ी राहत दी है। पश्चिम रेलवे ने वेरावल-हरिद्वार समर स्पेशल ट्रेन के संचालन की घोषणा की है। यह विशेष ट्रेन जुलाई माह में चार ट्रिप लगाएगी और रींगस, नारनौल, अटेली तथा रेवाड़ी सहित कई प्रमुख स्टेशनों से होकर गुजरेगी।

क्षेत्र के रेल यात्रियों और श्रद्धालुओं की लंबे समय से चली आ रही मांग को स्वीकार करते हुए रेलवे बोर्ड ने इस स्पेशल ट्रेन को मंजूरी दी है। दैनिक रेलयात्री जागरूक मंच लगातार इस रूट पर सीधी ट्रेन चलाने की मांग उठा रहा था।

रेलवे के अनुसार ट्रेन संख्या 09203 वेरावल-हरिद्वार स्पेशल प्रत्येक मंगलवार 7, 14, 21 और 28 जुलाई को वेरावल से शाम 4:05 बजे रवाना होगी। वहीं ट्रेन संख्या 09204 हरिद्वार-वेरावल स्पेशल प्रत्येक बुधवार 8, 15, 22 और 29 जुलाई को हरिद्वार से रात 9:30 बजे प्रस्थान करेगी।

इन स्टेशनों पर होगा ठहराव

यह स्पेशल ट्रेन जूनागढ़, जेतलसर, ढसा, धोला, बोटाद, धंधुका, धौलका, गांधीग्राम, मेहसाणा, पालनपुर, आबूरोड, फालना, मारवाड़ जंक्शन, ब्यावर, अजमेर, किशनगढ़, फुलेरा, रींगस, श्रीमाधोपुर, नीम का थाना, नारनौल, अटेली, रेवाड़ी, गुरुग्राम, दिल्ली, गाजियाबाद, मेरठ, मुजफ्फरनगर, रुड़की और हरिद्वार सहित प्रमुख स्टेशनों पर रुकेगी।

श्याम भक्तों और कांवड़ यात्रियों को मिलेगा लाभ

रींगस स्टेशन खाटूश्यामजी धाम का सबसे निकटतम रेलवे स्टेशन है। ऐसे में बाबा श्याम के दर्शन के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं को इस ट्रेन से सीधा लाभ मिलेगा। वहीं सावन माह में हरिद्वार जाने वाले शिवभक्तों और अन्य यात्रियों के लिए भी यह ट्रेन सुविधाजनक विकल्प साबित होगी।

रेलवे ने बताया कि स्पेशल ट्रेन में थर्ड एसी, स्लीपर और जनरल श्रेणी के कोच उपलब्ध रहेंगे। ट्रेन संख्या 09203 के लिए टिकट बुकिंग शुरू हो चुकी है। यात्रियों से समय रहते आरक्षण कराने की अपील की गई है, क्योंकि सीटों की संख्या सीमित रहेगी।

लंबे समय से उठ रही थी मांग

नारनौल-अटेली क्षेत्र के रेल यात्रियों की ओर से रींगस और हरिद्वार के लिए सीधी ट्रेन चलाने की मांग लगातार की जा रही थी। दैनिक रेलयात्री जागरूक मंच द्वारा रेलवे बोर्ड को भेजे गए प्रस्तावों के बाद इस स्पेशल ट्रेन को मंजूरी मिली है। मंच के अशोक कटारिया ने इस निर्णय के लिए रेलवे विभाग और रेल मंत्री का आभार जताया।