लखनऊ. समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने राष्ट्रीय एकता और जातिवाद के मुद्दे पर भाजपा पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने भाजपा की राजनीति पर जातीय विभाजन को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए कहा कि जो लोग जातिगत भेदभाव में विश्वास रखते हैं, वे सामाजिक एकता की बात नहीं कर सकते. अखिलेश ने अपने ट्वीट में सत्ता के शीर्ष पर बैठे लोगों को निशाने पर लेते हुए कहा कि सामाजिक विभेद को मानने वाले व्यक्ति से राष्ट्रीय एकता को खतरा होता है.

अखिलेश ने लिखा कि ‘जो होता भाजपाई, वो पैदा करता खाई. ये आश्चर्य की बात है कि जिनकी सत्ता ‘सजातीय तुष्टीकरण’ के नाम पर बदनाम हो चुकी है वो ‘जातिवाद’ की बात कर रहे है. जिनकी संपूर्ण राजनीति एक जाति के विरोध पर टिकी हो, वो जब भी मुंह खोलेंगे, झूठ बोलेंगे.’

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सपा प्रमुख ने आगे कहा कि ‘दरारवादी एकता की बात न ही करें तो उनका न सही, उनके पद का नाम बचा रहेगा. ‘हाता नहीं भाता’ ही इनकी विद्वेषपूर्ण राजनीति का बेहद कड़वा सच है. जो सार्वजनिक पद पर रहते हुए भी अपनी जाति के दंभ का दम भरते हैं, वो क्या किसी और का भला करेंगे. जो एकरंगी हैं, वो बहुरंगी एकता की बात कैसे कर सकते हैं. काला चश्मा लगाएं और लौट जाएं. राष्ट्रीय एकता को खतरा तब होता है, जब सामाजिक विभेद को माननेवाला व्यक्ति सत्ता के शीर्ष पर होता है.’