मयंक श्रीवास्तव, अयोध्या. नगर निगम अयोध्या ने शहर के ऐतिहासिक कुंडों के संरक्षण और सौंदर्यीकरण के लिए बड़ी कार्य योजना तैयार की है. नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार ने बताया कि पर्यटन विभाग द्वारा कई कुंड नगर निगम को हस्तांतरित किए गए हैं, जिन पर संरक्षण कार्य शुरू कर दिया गया है. उन्होंने बताया कि निगम ने कुंडों के रखरखाव के लिए CSR मॉडल अपनाया है.

इसके तहत राष्ट्रपति कुंड का जिम्मा GMR कंपनी को सौंपा गया है, जो उसका रखरखाव कर रही है. वहीं एक अन्य कुंड में नैनो तकनीक से ऑक्सीजन डाली जा रही है ताकि पानी का ऑक्सीजन लेवल संतुलित रहे. इसके लिए विशेष मशीनें लगाई गई हैं. नगर आयुक्त ने बताया कि यह कार्य अपेक्षाकृत खर्चीला है, इसलिए निगम अपने वित्तीय संसाधनों का आकलन कर रहा है. आय बढ़ने के साथ कार्यों में और तेजी लाई जाएगी. नगर निगम ने लगभग 9 कुंडों के लिए 5 वर्षों की दीर्घकालिक रखरखाव योजना तैयार की है.

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इसके तहत कुंडों के जल का प्रॉपर मैनेजमेंट, नियमित साफ-सफाई और जल गुणवत्ता बनाए रखने पर विशेष फोकस रहेगा. कुंडों में काई और जलकुंभी न पनपे, इसके लिए लगातार निगरानी की जाएगी, उन्होंने दावा किया कि अगले 2 से 3 महीनों में सभी 9 कुंडों की स्थिति में बड़ा सुधार देखने को मिलेगा. असामाजिक तत्वों की सक्रियता के सवाल पर नगर आयुक्त ने कहा कि इसकी जांच कराई जाएगी और पुलिस से समन्वय कर निगरानी बढ़ाई जाएगी.