बल्लभगढ़ : हरियाणा पुलिस के जवानों ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वे केवल कानून व्यवस्था ही नहीं संभालते, बल्कि संकट के समय देवदूत बनकर लोगों की जान भी बचाते हैं। बल्लभगढ़ के लघु सचिवालय में ड्यूटी के दौरान तत्परता और सूझबूझ दिखाकर एक चौकीदार की जान बचाने वाले दो पुलिसकर्मियों को डीसीपी प्रतीक अग्रवाल ने प्रशस्ति पत्र और नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया है।

क्या है पूरा मामला?

मिली जानकारी के अनुसार, 5 सितंबर की सुबह करीब 6 बजे लघु सचिवालय बल्लभगढ़ में एसडीएम कार्यालय में तैनात चौकीदार भीम सिंह को अचानक सीने में तेज दर्द हुआ और वे बेहोश होकर गिर गए। उन्हें दिल का दौरा (हार्ट अटैक) आया था।

उस समय वहां ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मी रविंद्र और योगेंद्र ने बिना एक पल गंवाए स्थिति की गंभीरता को समझा। दोनों जवानों ने तुरंत मौके पर ही चौकीदार को प्राथमिक उपचार (सीपीआर) देना शुरू किया। इसके साथ ही उन्होंने तुरंत एम्बुलेंस बुलाई और भीम सिंह को नजदीकी अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों के मुताबिक, समय पर मिली इस प्राथमिक चिकित्सा (CPR) और तुरंत अस्पताल पहुंचाने की वजह से ही चौकीदार की जान बच सकी।

डीसीपी ने थपथपाई पीठ, दिया नकद इनाम

पुलिस जवानों के इस मानवीय और सराहनीय कार्य की जानकारी जब उच्च अधिकारियों तक पहुंची, तो डीसीपी बल्लभगढ़ श्री प्रतीक अग्रवाल ने दोनों जवानों की जमकर सराहना की।
डीसीपी प्रतीक अग्रवाल ने पुलिसकर्मी रविंद्र और योगेंद्र को उनके इस उत्कृष्ट कार्य के लिए प्रशंसा पत्र (प्रशस्ति पत्र) सौंपा और नकद रिवॉर्ड देकर प्रोत्साहित किया।

इस दौरान डीसीपी ने कहा कि दोनों जवानों ने अपनी जिम्मेदारी से आगे बढ़कर कर्तव्यनिष्ठा और इंसानियत की एक मिसाल पेश की है। पुलिस प्रवक्ता ने भी जवानों की इस त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए इसे ‘कर्तव्य के साथ मानवता’ का सबसे बड़ा उदाहरण बताया है।