वीरेंद्र कुमार/नालंदा/पटना। बिहार शिक्षा के क्षेत्र में एक नई और गौरवमयी उपलब्धि हासिल कर चुका है। राज्य सरकार के अनूठे प्रयास से अब बिहार देश का पहला ऐसा राज्य बन गया है जहां हर प्रखंड में एक डिग्री कॉलेज की सुविधा उपलब्ध है। इसी कड़ी में, नालंदा जिले के नूरसराय प्रखंड में राजकीय डिग्री महाविद्यालय का विधिवत उद्घाटन सांसद कौशलेंद्र कुमार द्वारा किया गया।

​ऐतिहासिक दिन: नूरसराय में कॉलेज का भव्य उद्घाटन

​नूरसराय के लिए आज का दिन अत्यंत ऐतिहासिक रहा। सांसद कौशलेंद्र कुमार ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच फीता काटकर राजकीय डिग्री महाविद्यालय का उद्घाटन किया। इस गरिमामयी समारोह में बड़ी संख्या में स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, शिक्षाविद और उत्साहित छात्र-छात्राएं मौजूद थे। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राज्यस्तरीय कार्यक्रम का नेतृत्व करते हुए भागलपुर के गोराडीह से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राज्यभर के 211 नए कॉलेजों का एक साथ शुभारंभ किया।

​नीतीश कुमार का सपना हुआ साकार

​सांसद कौशलेंद्र कुमार ने मीडिया से बातचीत करते हुए इस उपलब्धि को पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की दूरदर्शी सोच का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि हर प्रखंड में एक डिग्री कॉलेज का सपना आज धरातल पर उतर आया है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य उच्च शिक्षा को आमजन की पहुंच में लाना है। अब ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थी जो आर्थिक तंगी या दूरी के कारण उच्च शिक्षा से वंचित रह जाते थे वे अब अपने घर के पास ही स्नातक की पढ़ाई पूरी कर सकेंगे। इससे छात्रों का बड़े शहरों की ओर पलायन रुकेगा और स्थानीय स्तर पर ही शैक्षिक वातावरण तैयार होगा।

शिक्षा के क्षेत्र में मील का पत्थर

नूरसराय स्थित नए डिग्री महाविद्यालय के खुल जाने से क्षेत्र के हजारों मेधावी छात्र-छात्राओं में खुशी की लहर है। स्थानीय निवासियों ने इसे सरकार का एक सराहनीय और क्रांतिकारी निर्णय बताया है। उच्च शिक्षा के इस विस्तार से न केवल युवाओं का भविष्य उज्ज्वल होगा बल्कि राज्य की साक्षरता दर और शैक्षिक स्तर में भी उल्लेखनीय वृद्धि होगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम बिहार को शिक्षा के एक प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करने में सहायक सिद्ध होगा। राज्य सरकार का यह प्रयास जमीनी स्तर पर शिक्षा के लोकतंत्रीकरण को बढ़ावा देने की एक सफल मिसाल बन चुका है।