कुंदन कुमार/पटना। बिहार की राजनीति में विभागों के बंटवारे और प्रशासनिक फेरबदल को लेकर घमासान तेज हो गया है। कांग्रेस प्रवक्ता राजेश राठौड़ ने सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि प्रदेश में ‘माफिया राज’ का प्रभाव इस कदर बढ़ गया है कि सरकार उनके दबाव में काम कर रही है। राठौड़ ने स्पष्ट रूप से कहा कि भू-माफिया, बालू माफिया और शराब माफिया का गठजोड़ नई सरकार का पीछा नहीं छोड़ रहा है।
विजय सिन्हा को हटाने पर उठाए सवाल
कांग्रेस प्रवक्ता ने विजय सिन्हा के विभाग बदले जाने को एक बड़ी साजिश करार दिया। उन्होंने कहा कि विजय सिन्हा बतौर राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री और खनन मंत्री के रूप में उत्कृष्ट कार्य कर रहे थे। उन्होंने न केवल अवैध बालू तस्करी पर नकेल कसी, बल्कि भ्रष्टाचार में लिप्त अधिकारियों की सरेआम क्लास भी लगाई थी। राठौड़ के अनुसार, विजय सिन्हा जनता दरबार लगाकर लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान कर रहे थे, जो भू-माफियाओं और भ्रष्ट तंत्र को रास नहीं आया। उनके बढ़ते प्रभाव और सख्त रुख के कारण ही माफियाओं के दबाव में उनका विभाग बदल दिया गया।
’एक अन्ने मार्ग’ और दीमक का जिक्र
राजेश राठौड़ ने अपने बयान में प्रतीकात्मक लहजे में सत्ता के केंद्र ‘एक अन्ने मार्ग’ पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि भले ही पूर्व मुख्यमंत्री ने वह आवास छोड़ दिया हो, लेकिन वहां का ‘दीमक’ (भ्रष्ट व्यवस्था) अभी भी सक्रिय है। यह दीमक सिस्टम को अंदर ही अंदर खोखला कर रहा है और ईमानदार मंत्रियों को काम करने से रोक रहा है।
मुख्यमंत्री से बड़ी कार्रवाई की मांग
कांग्रेस ने नए मुख्यमंत्री से मांग की है कि वे शासन में बैठे ऐसे ‘दीमकों’ को पहचानें और उन्हें जड़ से खत्म करें। राठौड़ ने जोर देकर कहा कि अगर सरकार वास्तव में माफिया मुक्त बिहार चाहती है, तो उसे पर्दे के पीछे से खेल रहे इन प्रभावशाली लोगों पर कठोर कार्रवाई करनी होगी।
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- उत्तर प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- लल्लूराम डॉट कॉम की खबरें English में पढ़ने यहां क्लिक करें
- खेल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
- मनोरंजन की बड़ी खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें

