पटना। शहर के बिहटा थाना अंतर्गत महमदपुर गांव में हुए सनसनीखेज अनिरुद्ध कुमार हत्याकांड का पुलिस ने महज 48 घंटों के भीतर पर्दाफाश कर दिया है। इस हत्याकांड के पीछे जो सच्चाई निकलकर सामने आई, उसने रिश्तों की मर्यादा को तार-तार कर दिया है। पुलिस के अनुसार, अनिरुद्ध की हत्या किसी बाहरी दुश्मन ने नहीं, बल्कि उसके अपने सगे छोटे भाई और पत्नी ने मिलकर की थी।

​प्रेम प्रसंग और हत्या की साजिश

​जांच में यह बात स्पष्ट हुई है कि मृतक अनिरुद्ध कुमार की पत्नी निशु कुमारी और उसके छोटे भाई कुंदन कुमार के बीच लंबे समय से अवैध संबंध चल रहे थे। अनिरुद्ध इन संबंधों के बीच कांटा बन रहा था, जिसके कारण दोनों आरोपियों ने उसे रास्ते से हटाने की योजना बनाई। 4 मई को मौका पाकर अनिरुद्ध के सिर और पीठ में ताबड़तोड़ गोलियां मारकर उसे मौत के घाट उतार दिया गया।

​पुलिस की त्वरित कार्रवाई और खुलासा

​घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया था। पटना पश्चिमी सिटी एसपी भानु प्रताप सिंह ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बताया कि तकनीकी अनुसंधान और गुप्त सूचनाओं के आधार पर पुलिस ने जब संदेह के घेरे में आए परिजनों से पूछताछ की, तो परतें खुलती गईं। पुलिस ने कड़ाई से पूछताछ की तो निशु और कुंदन ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।

​कुएं से बरामद हुआ कत्ल का हथियार

​आरोपियों ने पुलिस को गुमराह करने की पूरी कोशिश की थी। हत्या को अंजाम देने के बाद इस्तेमाल की गई पिस्टल और मैगजीन को साक्ष्य मिटाने के उद्देश्य से गांव के ही एक गहरे कुएं में फेंक दिया गया था। पुलिस ने गोताखोरों या स्थानीय मदद से कुएं की तलाशी ली और हथियार बरामद कर लिया। यह बरामदगी मामले में सबसे बड़ा पुख्ता सबूत साबित हुई है।

​रिश्तों का अंत और कानूनी प्रक्रिया

​तीन भाइयों में सबसे बड़े अनिरुद्ध की मौत ने पूरे गांव को झकझोर दिया है। पुलिस ने पत्नी निशु कुमारी और भाई कुंदन कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। सिटी एसपी ने स्पष्ट किया कि मामले में स्पीडी ट्रायल चलाकर दोषियों को कड़ी सजा दिलाई जाएगी। फिलहाल, दोनों आरोपियों से अन्य संभावित पहलुओं पर भी पूछताछ की जा रही है।