कुरुक्षेत्र के लाडवा में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के जनसंवाद कार्यक्रम के दौरान खेत के रास्ते पर अवैध कब्जे से परेशान एक महिला फूट-फूट कर रोने लगी, जिस पर सीएम ने तुरंत संज्ञान लिया।

कुरुक्षेत्र। जिला अंतर्गत आने वाले लाडवा विधानसभा क्षेत्र में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने एक विशेष जनसंवाद कार्यक्रम का आयोजन किया। गुरुवार को आयोजित इस जनता दरबार में सीएम स्वयं क्षेत्र के नागरिकों की प्रशासनिक और व्यक्तिगत समस्याएं सुन रहे थे। इसी दौरान मंच पर मेहरा गांव की रहने वाली एक पीड़ित महिला प्रियंका अपनी फरियाद लेकर आई। महिला ने रोते हुए मुख्यमंत्री को बताया कि उसके खेत में जाने वाले मुख्य रास्ते पर एक स्थानीय रसूखदार किसान ने विभागीय अधिकारियों के साथ साठगांठ करके अवैध रूप से कब्जा जमा लिया है। रास्ता बंद होने के कारण वह अपने ही खेत में कृषि कार्य नहीं कर पा रही है।

उन्नीस बार शिकायत पर भी नहीं हुआ कोई समाधान

पीड़ित महिला प्रियंका ने मुख्यमंत्री के सामने रोते हुए अपनी आपबीती सुनाई कि वह इस रास्ते के विवाद को लेकर विभिन्न विभागों में अब तक कुल 19 बार लिखित शिकायतें दर्ज करा चुकी है। इतने प्रयासों के बाद भी किसी भी प्रशासनिक स्तर पर उसकी सुनवाई नहीं हुई और न ही जमीन से कब्जा हटाया गया। न्याय की उम्मीद खो चुकी महिला ने रोते हुए मुख्यमंत्री से कहा कि यदि आज भी उसे उचित न्याय नहीं मिला, तो वह अपने मासूम बेटे के साथ स्थानीय पुलिस थाने परिसर में ही जहर खाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर लेगी।

मुख्यमंत्री ने लगाई अधिकारियों को कड़ी फटकार

पीड़ित महिला की अत्यंत गंभीर और मार्मिक बात सुनते ही मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी तुरंत हरकत में आ गए। उन्होंने सबसे पहले रोती हुई महिला को शांत कराया और फिर मंच पर उपस्थित बिजली निगम के एक्सईएन (XEN) को इस लापरवाही के लिए कड़ी फटकार लगाई। महिला ने आरोप लगाया था कि बकाली गांव के किसान गुरमेल ने अधिकारियों से मिलकर रास्ते में बिजली के खंभे और ट्रांसफार्मर लगवा दिए हैं। सीएम ने तुरंत इस पूरे मामले की विस्तृत और निष्पक्ष जांच वहां मौजूद क्षेत्र के एसडीएम को सौंप दी।

पुलिस केस दर्ज करने और कार्रवाई के निर्देश

मुख्यमंत्री ने इस मामले में स्थानीय पुलिस प्रशासन को भी कड़े निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि महिला को डराने-धमकाने और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने वाले आरोपियों के खिलाफ तुरंत उचित धाराओं में पुलिस केस दर्ज किया जाए। प्रियंका ने बताया था कि उसने बकाली गांव में करीब सात एकड़ कृषि भूमि खरीदी थी, जिसके सरकारी रिकॉर्ड में रास्ता पहले से ही तय था। इसके बावजूद कुछ लोग सांठगांठ कर उस पर लगातार दबाव बना रहे हैं और उसे अपनी ही जमीन पर जाने से रोक रहे हैं।

पीड़ित जनता को परेशान करने वाले अधिकारी नपेंगे

इस जनसंवाद कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने क्षेत्र के नागरिकों से प्राप्त कुल 338 जन शिकायतों को गंभीरता से सुना। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि पीड़ित जनता को बार-बार सरकारी दफ्तरों के चक्कर कटवाने वाले कर्मचारियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। सरकार की नीति और नीयत पूरी तरह से जनहित के लिए समर्पित है। अधिकारियों का यह मुख्य दायित्व है कि वे पहली ही बार में नागरिकों की वैध समस्याओं का उचित समाधान निकालें ताकि किसी को दोबारा परेशान न होना पड़े।