Technology Desk – Swift Space Telescope NASA : अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी NASA के लंबे समय से सक्रिय Swift Space Telescope को सुरक्षित रखने के लिए शुरू किया गया रेस्क्यू मिशन अप्रत्याशित मुश्किलों का सामना कर रहा है। टेलीस्कोप तक पहुंचने और उसकी कक्षा को ऊंचा करने के उद्देश्य से भेजे गए निजी रोबोटिक स्पेसक्राफ्ट में तकनीकी खराबी आने के बाद मिशन की रफ्तार धीमी पड़ गई है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, स्पेसक्राफ्ट के थ्रस्टर सिस्टम में गड़बड़ी के कारण उसका नियंत्रण प्रभावित हुआ, जिससे अंतरिक्ष में उसकी स्थिति स्थिर बनाए रखना चुनौती बन गया है।

क्यों जरूरी है Swift टेलीस्कोप को बचाना?
NASA ने वर्ष 2004 में Swift Space Telescope को लॉन्च किया था। यह अंतरिक्ष में होने वाले गामा-रे विस्फोट (Gamma-Ray Bursts), सुपरनोवा और अन्य ऊर्जावान खगोलीय घटनाओं का अध्ययन करने वाला महत्वपूर्ण वैज्ञानिक मिशन है। बीते दो दशकों में इस टेलीस्कोप ने ब्रह्मांड से जुड़ी कई अहम खोजों में वैज्ञानिकों की मदद की है। ऐसे में इसकी सेवा अवधि बढ़ाना वैज्ञानिक समुदाय के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
सौर गतिविधियों ने बढ़ाई चिंता
हाल के वर्षों में सूर्य की बढ़ी हुई गतिविधियों के कारण पृथ्वी के ऊपरी वायुमंडल का फैलाव बढ़ा है। इसका असर निम्न कक्षा (Low Earth Orbit) में मौजूद उपग्रहों और टेलीस्कोप पर भी पड़ा है। इसी वजह से Swift की कक्षा अपेक्षा से अधिक तेजी से नीचे आ रही है। वैज्ञानिकों का अनुमान है कि यदि समय रहते उसकी कक्षा नहीं बढ़ाई गई, तो वह इसी वर्ष पृथ्वी के वायुमंडल में प्रवेश कर सकता है, जिससे उसका मिशन समय से पहले समाप्त हो सकता है।
रेस्क्यू स्पेसक्राफ्ट में आई तकनीकी दिक्कत
Swift को बचाने के लिए भेजे गए रोबोटिक स्पेसक्राफ्ट में तीन रोबोटिक आर्म लगाए गए हैं, जिनकी मदद से उसे टेलीस्कोप तक पहुंचकर सुरक्षित तरीके से पकड़ना और ऊंची कक्षा में स्थापित करना था। लेकिन मिशन के शुरुआती चरण में ही थ्रस्टर सिस्टम में खराबी आ गई। इस कारण स्पेसक्राफ्ट का ओरिएंटेशन प्रभावित हुआ और उससे लगातार संपर्क बनाए रखना भी चुनौतीपूर्ण हो गया।
मिशन अभी खत्म नहीं, इंजीनियरों को उम्मीद
मिशन संचालित कर रही निजी कंपनी ने स्पष्ट किया है कि केवल थ्रस्टर सिस्टम में समस्या आई है, जबकि स्पेसक्राफ्ट के अन्य महत्वपूर्ण सिस्टम सामान्य रूप से कार्य कर रहे हैं। इंजीनियर लगातार सॉफ्टवेयर और कंट्रोल सिस्टम के जरिए स्थिति को संभालने की कोशिश कर रहे हैं। कंपनी का कहना है कि यदि समस्या का समाधान हो जाता है, तो स्पेसक्राफ्ट अपने निर्धारित लक्ष्य तक पहुंचकर Swift Telescope को सुरक्षित ऊंची कक्षा में स्थापित करने में सक्षम हो सकता है।
वैज्ञानिक गतिविधियां फिलहाल रुकीं
मिशन के सुरक्षित संचालन को प्राथमिकता देते हुए NASA ने फिलहाल Swift Telescope से होने वाले वैज्ञानिक अवलोकनों को अस्थायी रूप से रोक दिया है। एजेंसी की टीमें लगातार मिशन की निगरानी कर रही हैं और रेस्क्यू अभियान की अगली रणनीति पर काम कर रही हैं। यदि तकनीकी समस्या का समाधान सफल रहता है, तो Swift आने वाले वर्षों तक अंतरिक्ष से महत्वपूर्ण वैज्ञानिक जानकारी जुटाता रह सकता है।


