आणंद भारत के गुजरात राज्य का एक प्रसिद्ध नगर है और आणंद जिले का प्रशासनिक केंद्र है, जो मुख्यतः अमूल डेयरी और अपनी ऐतिहासिक दूध क्रांति के लिए जाना जाता है. यह नगर भारत के ‘मिल्क कैपिटल’ के नाम से भी प्रसिद्ध है. आणंद अहमदाबाद और वडोदरा के मध्य बसा है, जहां से गांधीनगर की दूरी मात्र 97 किमी रह जाती है. इस नगर का प्राचीन नाम आनंदपुर है, माना जाता है कि यह सारस्वत ब्राह्मणों का मूल निवास स्थान है.

रणछोडरायजी मंदिर

इस मंदिर का निर्माण सफेद संगमरमर से किया गया है. सोने के कलश और सफेद ध्वजा वाला यह मंदिर इस जिले का सबसे ऊंचा मंदिर भी है. मुख्य विग्रह रणछोडरायजी (श्रीकृष्ण) की प्रतिमा काले रंग के पत्थर से बनाई गई है. मुख्य मंदिर में बनाए गए भित्ति-चित्रों में कृष्ण के कुछ प्रमुख जीवन प्रसंगों को भी दर्शाया गया है. माना जाता है, कि मथुरा में श्रीकृष्ण की लड़ाई जरासंध के हुई थी, और कृष्ण रणछोड़ कर भाग गए थे, इसलिए इनका एक नाम रणछोड़ भी है. यह एक खूबसूरत मंदिर है, जिसकी वास्तुकला पर्यटकों को बहुत हद तक प्रभावित करती है. Read More – गर्मी में पसीने की बदबू से आप भी हैं परेशान, तो ये चीजें दिलाएंगी इस समस्या से छुटकारा …

स्वामीनारायण मंदिर

रणछोड़राय मंदिर के अलावा आप आनंद स्थित स्वामीनारायण मंदिर के दर्शन का सौभाग्य प्राप्त कर सकते हैं. स्वामीनारायण, एक छ: मंजिला मंदिर है, और राज्य के प्रसिद्ध पवित्र स्थानों में गिना जाता है. यहां रोजाना श्रद्धालुओं का आगमन लगा रहता है. मंदिर की वास्तुकला पर्यटकों को काफी ज्यादा प्रभावित करती है. आप यहां हरिकृष्ण महाराज, नारायण लक्ष्मी के अलावा अन्य प्रतिमाओं को भी देख सकते हैं. आध्यात्मिक अनुभव के लिए आप यहां आ सकते हैं.

खापरा जावेरी महल

खापरा जावेरी महल, पावागढ़ की पहाड़ियां की तलहटी में स्थित है. आणंद के बिलकुल नजदीक यह पैलेस 16वीं शताब्दी से संबंध रखता है. इस महल को देखकर आप प्राचीन वास्तुकला के उत्कृष्ट रूप को देख सकते हैं. बड़े मेहराव, गुंबद और प्रवेशद्वार आगंतुकों को काफी ज्यादा प्रभावित करते हैं. यह महल विश्वामित्र नदी के पास स्थित है. प्राचीन कला और इतिहास को समझने के लिए आप यहां आ सकते हैं. Read More – Benefits Of Drinking Boiled Mango Leaves Water : आम फल खाने में जितना स्वादिष्ट, उसकी पत्तियां भी है उतनी ही फायदेमंद …

अमूल डेयरी संग्रहालय

डेयरी संग्रहालय लाल पत्थरों की मदद से बनाया गया है. इस संग्रहालय की मदद से आप अमूल के विकास के वर्षों को देख सकते हैं, कि किस प्रकार एक छोटी सी ईकाई ने बड़ी औधोगिक ईकाई का सफर तय किया. इस म्यूजियम में एक बड़ा सभागार भी मौजूद है, जहां आपको भारत में दुध उत्पाद के इतिहास और क्रांति से संबधित फिल्में दिखाई जाएंगी. एक शानदार अनुभव के लिए आप यहां आ सकते हैं.

फ्लो आर्ट गैलरी

आणंद स्थित फ्लो आर्ट, हैंडीक्राफ्ट्स की बड़ी गैलरी मानी जाती है, जहां आप हाथ से बनाई गईं विभिन्न कलाकृतियों को देख सकते हैं. गैलरी में रखी मूर्तियां, मिट्टी के बर्त, शादी के तोहफे, आदि पर्यटकों को काफी ज्यादा आकर्षित करते हैं. आप यहां खूबसूरत और रंग बिरंगे हाथ से बनाए गए उत्पादों को देख सकते हैं. पर्यटक यहां मिट्टी के अलावा धातु, लकड़ी और सीमेंट का उपयोग कर बनाईं गईं साज-सज्जा की चीजों भी देख सकते हैं.