कुंदन कुमार, पटना। जनता दल यूनाइटेड (जदयू) प्रदेश कार्यालय में शुक्रवार को युवा जदयू की एक बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में मुख्य रूप से स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने शिरकत की और युवा नेताओं व कार्यकर्ताओं को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक के पश्चात मीडियाकर्मियों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि पार्टी के युवा साथियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि सरकार द्वारा आम जनता के कल्याण के लिए चलाई जा रही विभिन्न जनहितकारी योजनाओं को घर-घर तक पहुंचाया जाए। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि युवा कार्यकर्ता यह सुनिश्चित करें कि शासन की नीतियों का लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक सुगमता से पहुंचे।

​विकास कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प

​निशांत कुमार ने मीडिया से मुखातिब होते हुए कहा कि उनके पिता ने हमेशा बिहार के सभी वर्गों और क्षेत्रों के उत्थान के लिए दूरदर्शी योजनाएं चलाईं। वर्तमान में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी भी उन्हीं के नक्शेकदम पर चलते हुए उन विकास कार्यों को और अधिक गति दे रहे हैं और आगे बढ़ा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार की यह प्राथमिकता है कि धरातल पर योजनाओं का कार्यान्वयन सही ढंग से हो रहा है या नहीं, इसकी पूरी जमीनी हकीकत सामने आनी चाहिए। उन्होंने विश्वास जताया कि जदयू के ऊर्जावान युवा साथी योजनाओं के क्रियान्वयन में आ रही व्यावहारिक दिक्कतों और जमीनी फीडबैक से पार्टी एवं सरकार को अवगत कराएंगे, ताकि समय रहते उन समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा सके।

​जैन समुदाय और नई पीढ़ी पर विशेष फोकस

​बैठक के दौरान मंत्री निशांत कुमार का विशेष ध्यान जैन समुदाय (जैन जी) को पार्टी से जोड़ने की रणनीति पर भी केंद्रित रहा। उन्होंने युवा नेताओं को निर्देश दिया कि वे जैन समाज के लोगों से संपर्क करें और उन्हें पार्टी के साथ जोड़ें। इसके साथ ही उन्होंने युवाओं को यह भी समझाया कि वे नई पीढ़ी के बीच जाएं और उन्हें बताएं कि वर्ष 2005 से पहले बिहार में कानून-व्यवस्था, शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाओं की स्थिति क्या हुआ करती थी। उन्होंने कहा कि आज के दौर में जो युवा 20 से 25 वर्ष की आयु के हैं, उन्हें शायद यह जानकारी नहीं है कि पिछले 20 वर्षों में बिहार ने विकास का कितना लंबा सफर तय किया है और राज्य की तस्वीर कितनी बदली है। इसलिए युवाओं को इतिहास और वर्तमान के बदलाव से अवगत कराना बेहद जरूरी है।