Dharm Desk – आज के समय में काला धागा पहनना एक आम चलन बन चुका है। गले, कलाई, बाजू या पैरों में काला धागा बांधे लोग हर जगह आसानी से नजर आ जाते हैं। इसे सिर्फ आम व्यक्ति ही नहीं बल्कि संपन्न और प्रभावशाली लोग भी धारण करते हैं। धार्मिक दृष्टि से काला धागा बुरी नजर से बचाने और शनि के अशुभ प्रभाव को कम करने का एक सरल उपाय माना गया है। यही वजह है कि लोग इसे आस्था के साथ पहनते हैं। हालांकि आधुनिक दौर में युवा वर्ग इसे फैशन के रूप में भी अपनाने लगा है, लेकिन इसके पीछे बताए गए नियमों को नजरअंदाज कर दिया जाता है। शास्त्रों में स्पष्ट किया गया है कि काला धागा केवल पहन लेने से लाभ नहीं देता, बल्कि इसे सही विधि, समय और नियमों के साथ धारण करना जरूरी होता है। यदि इन बातों का ध्यान न रखा जाए तो इसका प्रभाव कम हो सकता है और अपेक्षित परिणाम नहीं मिलते।

शनिवार और मंगलवार का विशेष महत्व

काला धागा धारण करने के लिए शनिवार का दिन सबसे शुभ है। इस दिन विधि-विधान से धागा पहनने से शनि से जुड़ी बाधाएं कम होती हैं । वहीं मंगलवार के दिन दाहिने पैर में काला धागा बांधने से धन से जुड़ी परेशानियों में राहत और जीवन में स्थिरता आने की बात कही गई है।

धारण करने की सही विधि

काला धागा पहनने से पहले उसमें नौ गांठें लगाना आवश्यक माना गया है । यह शुभता का प्रतीक होता है। धागा धारण करते समय मंत्रोच्चारण करना चाहिए और इसके बाद शनि मंत्र का कम से कम 21 बार जाप करना लाभकारी माना जाता है। इससे धागे का प्रभाव मजबूत होता है।

स्वास्थ्य और दैनिक जीवन से जुड़े नियम

जिन लोगों को पेट दर्द या पेट से संबंधित समस्याएं रहती हैं, उनके लिए पैर के अंगूठे में काला धागा बांधना लाभकारी बतायाहै। साथ ही यह भी ध्यान रखना जरूरी है कि जिस अंग में काला धागा पहना गया हो, वहां किसी अन्य रंग का धागा नहीं होना चाहिए, अन्यथा इसका असर कमजोर पड़ सकता है।

घर की सुरक्षा और नकारात्मक ऊर्जा से बचाव

घर को नकारात्मक शक्तियों से बचाने के लिए काले धागे का विशेष उपयोग बताया गया है । दरवाजे पर नींबू के साथ काला धागा बांधने से घर में नकारात्मक ऊर्जा का प्रवेश कम होता है। यह उपाय कई लोग नियमित रूप से करते हैं।

रोग प्रतिरोधक क्षमता से जुड़ा उपाय

यदि घर में किसी इंसान की रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर बनी रहती हैं तो शनिवार के दिन काले धागे पर हनुमानजी के श्रीचरणों का सिंदूर लगाकर गले में धारण करना शुभ हो जाएगा इससे स्वास्थ्य में सुधार और सुरक्षा का भाव बढ़ता है।