शिखिल ब्यौहार, भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज मंत्रालय में विभागीय समीक्षा की मैराथन बैठकें लेंगे। कुल छह महत्वपूर्ण विभागों की समीक्षा आज एक साथ होने वाली है। सीएम डॉ. मोहन यादव सुबह 11 बजे से दोपहर 1:45 बजे तक तीन विभागों की बैठक लेंगे। पहली बैठक स्कूल शिक्षा विभाग की होगी, उसके बाद परिवहन विभाग और तीसरी बैठक सहकारिता विभाग की होगी। इन तीनों विभागों के लिए 45-45 मिनट का समय निर्धारित किया गया है।

दोपहर 2:30 बजे से 3 बजे तक सीएम कुछ मुलाकातें करेंगे। इसके बाद दोपहर 3 बजे से शाम 6 बजे तक फिर से मैराथन बैठकें शुरू होंगी। इस सत्र में जनजातीय कार्य विभाग, पशुपालन विभाग और लोक निर्माण विभाग (PWD) की समीक्षा होगी। इन तीनों विभागों के लिए एक-एक घंटे का समय रखा गया है।

भोपाल पहुंचीं स्वच्छता सर्वे टीमें

भोपाल में स्वच्छता सर्वेक्षण की तैयारियां तेज हो गई हैं। स्वच्छता सर्वे की टीमें भोपाल पहुंच गई हैं और आज से शहर में ग्राउंड सर्वे की शुरुआत हो रही है। केंद्र सरकार के स्वच्छता सर्वेक्षण के तहत भोपाल में आज से फील्ड सर्वे शुरू हो गया है। टीमों के आज भोपाल पहुंचने के साथ ही ग्राउंड लेवल पर काम शुरू हो चुका है।

सूत्रों के अनुसार सर्वे की शुरुआत बैरसिया क्षेत्र से हो सकती है। सर्वे टीमें शहर के विभिन्न इलाकों में जाकर सफाई व्यवस्था का जायजा लेंगी और मौके पर स्थिति का आकलन करेंगी। सर्वे के दौरान टीमों द्वारा आम जनता से स्वच्छता को लेकर फीडबैक भी लिया जाएगा। लोग सफाई, कूड़ा प्रबंधन और शहर की साफ-सफाई व्यवस्था पर अपनी राय देंगे।

चंबल में खनन पर सुप्रीम कोर्ट सख्त

चंबल क्षेत्र में अवैध खनन के मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। राज्य सरकार और NHAI को कोर्ट ने साफ संकेत दिए हैं। सुप्रीम कोर्ट में चंबल में हो रहे अवैध खनन के मामले की सुनवाई पूरी हो गई है। कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया है और 26 मई को विस्तृत फैसला सुनाएगा।

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सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार से सख्त सवाल पूछे। कोर्ट ने कहा कि केवल ट्रक ड्राइवर और हेल्पर पकड़ने से कुछ नहीं होगा। खनन के पीछे जो बड़ी मछली है, उसे पकड़ना जरूरी है। कोर्ट ने NHAI से भी सवाल किया कि मुरैना बॉर्डर पर हाईवे के बेहद करीब खनन कैसे हो रहा है। सुप्रीम कोर्ट के इस सख्त रुख से राज्य सरकार और NHAI पर दबाव बढ़ गया है। 26 मई को आने वाला फैसला इस मामले में अहम माना जा रहा है।

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