शिखिल ब्यौहार, भोपाल। मध्य प्रदेश की मोहन कैबिनेट आज अहम फैसलों की दस्तक देने जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में आज कैबिनेट बैठक बुलाई गई है, जिसमें सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों के तबादलों को लेकर बड़ा ऐलान हो सकता है।
सूत्रों के अनुसार, आज की कैबिनेट बैठक में तबादला नीति-2026 लाने का प्रस्ताव रखा जा सकता है। सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) ने पहले ही तबादला नीति का ड्राफ्ट तैयार कर मुख्यमंत्री सचिवालय को भेज दिया है। अगर कैबिनेट इस प्रस्ताव को मंजूरी दे देती है, तो लंबे समय से चला आ रहा तबादलों पर बैन आज हटाया जा सकता है। इसके साथ ही नई ट्रांसफर पॉलिसी लागू होने का रास्ता भी साफ हो जाएगा।
प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं पर मंडराया संकट
मध्य प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग में बड़ा संकट खड़ा हो गया है। लोक स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा और एनएचएम के करीब 30 हजार आउटसोर्स कर्मचारी 25 मई को सामूहिक अवकाश पर चले जाएंगे। तीन-चार महीने से वेतन न मिलने और लंबित मांगों को लेकर ये कर्मचारी अब सड़क पर उतरने को मजबूर हो गए हैं।
प्रदेश भर के आउटसोर्स स्वास्थ्य कर्मचारियों में गुस्सा चरम पर है। कर्मचारी आरोप लगा रहे हैं कि निजी कंपनियों और अधिकारियों की मनमानी के चलते उनका शोषण हो रहा है। स्वीकृत राशि और वास्तविक वेतन में भारी अंतर है। कई कर्मचारियों को 3 से 4 महीने से वेतन नहीं मिला है।
फार्मेसी के खिलाफ आज देशभर में केमिस्ट का बंद
देशभर में आज दवाओं की दुकानों पर ताला लग गया है। ऑनलाइन दवा बिक्री के विरोध में ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट के आह्वान पर आज 20 मई को सामूहिक बंद का ऐलान किया गया है। मध्य प्रदेश में भी 41 हजार से ज्यादा मेडिकल स्टोर बंद रहेंगे।
देश के करीब 12 लाख 40 हजार केमिस्ट, फार्मासिस्ट और दवा वितरक आज हड़ताल पर हैं। संगठन का आरोप है कि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर बिना प्रिस्क्रिप्शन के दवाओं की बिक्री से न सिर्फ पारंपरिक मेडिकल स्टोरों का कारोबार प्रभावित हो रहा है, बल्कि मरीजों की स्वास्थ्य सुरक्षा भी खतरे में पड़ रही है।मध्य प्रदेश फार्मासिस्ट एसोसिएशन के मुताबिक प्रदेश में रिटेल के साथ-साथ थोक दवा व्यापारी भी इस बंद में पूरी तरह शामिल हैं। आज पूरे दिन मेडिकल स्टोर बंद रहने से आम मरीजों को दवा खरीदने में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
जल गंगा संवर्धन अभियान तहत उज्जैन में 25-26 मई को शिप्रा तीर्थ परिक्रमा
मध्य प्रदेश में जल संरक्षण को नई दिशा मिल रही है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत बड़े कार्यक्रमों की श्रृंखला शुरू होने जा रही है। उज्जैन में 25-26 मई को शिप्रा तीर्थ परिक्रमा और भोपाल में 27 मई से 2 जून तक सदानीरा समागम का आयोजन किया जाएगा।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में चलाया जा रहा यह जन अभियान नदियों, तालाबों और जल संरक्षण को मजबूत बनाने का बड़ा प्रयास है। अभियान के तहत पूरे प्रदेश में जन जागरूकता के साथ-साथ राष्ट्रीय स्तर पर भी विमर्श होगा।शिप्रा तीर्थ परिक्रमा के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भी धूम रहेगी। लोक गायिका मैथिली ठाकुर अपनी प्रस्तुति देंगी और भारतीय नौसेना बैंड भी अपनी धुनों से माहौल को रोमांचित करेगा। भोपाल में आयोजित सदानीरा समागम में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जल संरक्षण पर चर्चा होगी। 9 देशों के राजदूत और देश के प्रमुख कॉर्पोरेट लीडर्स इस समागम में भाग लेंगे।

