पटना। त्योहारों के सीजन में मिलावटखोरों पर नकेल कसने के लिए पटना में खाद्य सुरक्षा विभाग ने ताबड़तोड़ छापेमारी की है। इस विशेष अभियान के तहत पटना और फुलवारीशरीफ के कई प्रतिष्ठानों पर औचक निरीक्षण किया गया, जहां साफ-सफाई में भारी लापरवाही, बिना लाइसेंस संचालन और पैकेजिंग में गड़बड़ी पाई गई। विभाग की इस सख्त कार्रवाई से खाद्य कारोबारियों में हड़कंप मच गया है।
श्याम घी भंडार पर बड़ा छापा
अगमकुआं स्थित श्याम घी भंडार पर खाद्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 855 किलो घी और 174 किलो मिल्क केक जब्त किया है। जब्त किए गए इन खाद्य पदार्थों की अनुमानित कीमत करीब 5.99 लाख रुपए आंकी गई है। इसके अलावा दुकान से नारियल पाउडर और खीरा सीड्स जैसी सामग्री भी बरामद की गई है। दुकान के पास जरूरी लाइसेंस और वैध कागजात नहीं मिलने तथा सामान रखने के तरीके में गंभीर गड़बड़ी पाए जाने पर प्रतिष्ठान को तुरंत बंद करा दिया गया। सभी उत्पादों के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए गए हैं।
रिंकू फूड्स और अन्य दुकानों पर शिकंजा
रामकृष्णा नगर के भूपतिपुर इलाके में स्थित रिंकू फूड्स प्राइवेट लिमिटेड से 5,550 किलो नूडल्स जब्त किए गए, जिनकी कीमत लगभग 2.22 लाख रुपए है। इन पैकेटों पर निर्माण तिथि, एक्सपायरी डेट और बैच नंबर जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां गायब या गलत पाई गईं। वहीं, लॉरेन्स स्वीट्स से 600 किलो लड्डू दाना (कीमत 75 हजार रुपए) और विकास की मिठाई दुकान से 525 किलो लड्डू दाना (कीमत 63 हजार रुपए) जब्त किया गया। लाइसेंस न होने के कारण इन दोनों दुकानों को भी बंद कर दिया गया।
अस्वच्छता के खिलाफ सख्त कदम और नष्ट सामग्री
दानापुर कैंट के सदर बाजार स्थित साधु स्वीट्स एंड कन्फेक्शनरी की कार्यशाला में भारी गंदगी, पर्याप्त रोशनी की कमी और खाद्य-अखाद्य सामग्री को एक साथ रखने की गंभीर लापरवाही मिली। यहां 40 किलो खराब खोया और दो किलो औद्योगिक उपयोग वाला खतरनाक ‘हाइड्रो’ नष्ट कराया गया। साथ ही, संस्थान को दो दिनों तक मिठाई का निर्माण कार्य बंद रखने का सख्त निर्देश दिया गया। इसी तरह अनिसाबाद-खगौल स्थित स्वीट्स एंड स्नैक्स में मक्खियों का प्रकोप और मेडिकल-पेस्ट कंट्रोल रिपोर्ट का अभाव मिला, जहां 20 किलो खोया नष्ट किया गया और चाउ नूडल्स के पैकेट जब्त किए गए। फुलवारीशरीफ की मां डेयरी प्रोडक्ट से 9 लीटर एक्सपायरी दूध नष्ट कर रसगुल्ले का नमूना लिया गया।
खाद्य संरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि सभी प्रतिष्ठानों से लिए गए नमूनों की लैब रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

