पटना। फुलवारी शरीफ रेलवे स्टेशन के पास एक सिरफिरे आशिक ने अपनी 15 वर्षीय नाबालिग गर्लफ्रेंड को चलती ट्रेन से नीचे धक्का दे दिया। इस घटना में किशोरी गंभीर रूप से घायल हो गई। गनीमत यह रही कि समय पर जीआरपी (GRP) की टीम मौके पर पहुंच गई, जिससे उसकी जान बच गई। वर्तमान में गर्दनीबाग अस्पताल में इलाज के बाद किशोरी की स्थिति खतरे से बाहर और पूरी तरह ठीक बताई जा रही है।
हिल स्टेशन घुमाने का झांसा देकर घर से निकला था आरोपी
पुलिस से मिली शुरुआती जानकारी के अनुसार, पीड़ित किशोरी और आरोपी प्रियांशु (19) दोनों मूल रूप से हाजीपुर के रहने वाले हैं। आरोपी प्रियांशु ने नाबालिग को खूबसूरत वादियों वाले किसी हिल स्टेशन पर घूमने ले जाने का सपना दिखाया था। उसके बहकावे में आकर किशोरी घर से उसके साथ निकल गई। दोनों ने पटना जंक्शन से एक लोकल पैसेंजर ट्रेन पकड़ी थी। उनकी योजना पंडित दीनदयाल उपाध्याय (DDU) जंक्शन पहुंचकर वहां से दूसरी ट्रेन पकड़ने की थी, लेकिन रास्ते में ही आरोपी की नीयत बदल गई और उसने इस खौफनाक वारदात को अंजाम दे दिया।
फुलवारी शरीफ के पास धीमी हुई ट्रेन तो दिया धक्का
साजिश के तहत, जब ट्रेन फुलवारी शरीफ स्टेशन के पास पहुंची तो उसकी रफ्तार थोड़ी धीमी हो गई। इसी बात का फायदा उठाते हुए शातिर प्रियांशु ने चलती ट्रेन के गेट पर मौजूद नाबालिग को अचानक धक्का दे दिया। धक्का लगते ही किशोरी ट्रैक के पास नीचे आ गिरी और गंभीर रूप से घायल होकर दर्द से कराहने लगी। घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी प्रियांशु मौके से फरार हो गया, जो अब पुलिस की पकड़ से दूर है।
पुलिस की कार्रवाई और जांच के बिंदु
घटना की सूचना मिलते ही जीआरपी की टीम तुरंत हरकत में आई और मौके पर पहुंचकर घायल किशोरी को स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया। पटना जीआरपी प्रभारी मुकेश कुमार ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि पीड़िता के लिखित बयान के आधार पर आरोपी प्रियांशु कुमार के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
जांच में यह बात सामने आई है कि जिस प्लेटफॉर्म पर यह घटना घटी, वहां सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे होने के कारण इस वारदात का कोई लाइव वीडियो फुटेज नहीं मिल सका है। हालांकि, पुलिस किशोरी के बयानों और अन्य तकनीकी व मौखिक साक्ष्यों को आधार बनाकर मामले की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। फुलवारी शरीफ जीआरपी अधिकारी कुसुम कुमार ने बताया कि वरिष्ठ अधिकारियों को इस हाई-प्रोफाइल और संवेदनशील मामले की पूरी जानकारी दे दी गई है। पुलिस अब इस गुत्थी को सुलझाने में जुटी है कि आखिर आरोपी ने अपनी ही दोस्त को मारने की नीयत से ट्रेन से नीचे क्यों फेंका। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है।



