कुंदन कुमार, पटना। मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार और SIR प्रक्रिया के खिलाफ आइसा (AISA) और वाम दल से जुड़े कई अन्य छात्र संगठन के लोगों ने आज पटना में लोक भवन मार्च निकाला है। संगठन से जुड़े भारी संख्या में छात्र गांधी मैदान के पास एकत्र हुए ‘वोट चोर-गद्दी छोड़’ और ‘ज्ञानू को भेजो जेल’ जैसे नारे लगाते हुए लोकभवन की ओर मार्च कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने जेपी गोलंबर के पास बैरिकेडिंग की थी, लेकिन छात्र बैरिकेडिंग तोड़कर डाकबंगला की ओर बढ़ गए।
वाहन की चाबी लेकर फरार हुए प्रदर्शनकारी
मार्च के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारी छात्रों के बीच तनाव की स्थिति भी देखने को मिली। पुलिस छात्रों को हिरासत में लेकर जाने के लिए एक वाहन का इस्तेमाल करना चाहती थी। इसी दौरान छात्रों ने कथित तौर पर वाहन की चाबी ले ली और वहां से निकल गए। प्रदर्शन में शामिल छात्र अपने साथ विभिन्न मांगों से जुड़े पोस्टर और बैनर भी लेकर पहुंचे थे। प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने गांधी मैदान के गेट नंबर 10, जेपी गोलंबर और होटल मौर्या के पास बैरिकेडिंग कर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी। प्रशासन की कोशिश प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने और स्थिति को नियंत्रित रखने की रही।
गर्दनीबाग के बाहर प्रदर्शन की इजाजत नहीं
वहीं, जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि धरना-प्रदर्शन के लिए गर्दनीबाग में निर्धारित स्थल तय किया गया है। प्रशासन के निर्देश के मुताबिक, इस निर्धारित स्थल के अलावा शहर के अन्य हिस्सों में प्रदर्शन की अनुमति नहीं होगी। दरअसल इस संबंध में आज मंगलवार की सुबह पटना पुलिस की ओर से एक नोटिस जारी किया गया था, जिसमें यह कहा गया था कि किसी भी तरह का धरना और प्रदर्शन से पटना के गर्दनीबाग धरना स्थल पर ही हो सकते हैं। पटना के सड़कों पर प्रदर्शन कोई भी संगठन या पार्टी नहीं कर सकती है।
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