Rajasthan News: शहर में ओवरस्पीड व लेन इसका नतीजा भुगतना होगा। पुलिस तोड़कर वाहन चलाने वालों को अब कमिश्नरेट और जेडीए ने इसके लिए पायलट प्रोजेक्ट में पाली रोड को चुना है। इसके लिए रोड पर जगह-जगह आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस वाले कैमरे और एलईडी स्क्रीन लगाई जाएंगी।

कैमरे गाड़ियों की तेज गति, सीट बेल्ट न लगाने जैसे ट्रैफिक नियम उल्लंघन को पकड़ेंगे। ये कैमरे अभय कमांड सेंटर से जुड़ेंगे। इससे ई चालान बनेगा और चालक के घर पहुंचेगा। साथ ही रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर मैसेज भी जाएगा। पाली रोड के हर कट पर भी कैमरे लगेंगे, ताकि सड़क से उतरने या रोड क्रॉस करने वालों पर भी नजर बनी रहे।
कैमरे ओवरस्पीड वाहन को नोटिस कर उसे रोड पर लगी एलईडी स्क्रीन पर दिखाएंगे। चालक को भी पता चलेगा। अभी भैरूजी चौराहा से झालामंड तक 16 कैमरे लगे हैं। पाली रोड पर 3 साल में 9 हादसों में 1 मौत हो चुकी है। इस रोड पर दुर्घटना संभावित ब्लैक स्पॉट भी हैं।
कितनी देर में कितनी दूरी तय की, इससे नापेंगे स्पीड
दूरी और देरी के हिसाब से वाहन की ओवरस्पीडिंग चैक की जाएगी। उदाहरणार्थ: स्पीड लिमिट के अनुसार रिक्तियां भैरुजी चौराहा से अमृतादेवी तिराहा पहुंचने में 3 मिनट लगने चाहिए। किसी वाहन ने यह दूरी 2:30 मिनट में पूरा कर ली तो चालान बनेगा। सड़क पर निश्चित दूरी पर कैमरे लगेंगे। कैमरे वाहन को 50 फीट पहले ही मॉनिटर कर लेंगे। वाहन ओवरस्पीड है तो उसकी स्पीड स्क्रीन पर आ जाएगी। ई चालान में कार का फोटो और स्पीड दर्शाई जाएगी।
भैरूजी चौराहा से न्यू कैंपस 40 व आगे 60 की स्पीड : रिक्तियां
भैरुजी से न्यू कैंपस कट तक 40 की स्पीड और इससे आगे 60 किमी अधिकतम स्पीड है। फिलहाल पूरी सड़क का सर्वे कर स्पीड लिमिट को तय किया जाएगा। अभी शहर में पुलिस की ओर से 1043 कैमरे लगाए हुए हैं।
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