Rajasthan News: राजस्थान में निकाय और पंचायत चुनावों की तैयारियों के बीच भजनलाल सरकार दो से अधिक संतान वाले उम्मीदवारों पर लगी पाबंदी हटाने की दिशा में कदम बढ़ा रही है। सरकार ने इस संबंध में विधि विभाग को प्रस्ताव भेज दिया है। विधानसभा में मंत्री झाबर लाल खर्रा ने इसकी जानकारी देते हुए कहा कि पंचायतीराज संस्थाओं और शहरी निकाय चुनावों में उम्मीदवारों के लिए शैक्षणिक योग्यता की अनिवार्यता भी नहीं रहेगी।

सरकार के इस फैसले पर डीडवाना से निर्दलीय विधायक यूनुस खान ने आपत्ति जताई है। उन्होंने साफ कहा कि पंचायत चुनावों में दो बच्चों का नियम लागू रहना चाहिए और इसमें बदलाव की कोई जरूरत नहीं है।
यूनुस खान ने कहा कि दो संतान का नियम जनसंख्या नियंत्रण और सामाजिक संतुलन बनाए रखने में मदद करता है। इसे हटाने का कोई ठोस कारण नहीं बताया जा रहा। उन्होंने आरोप लगाया कि भजनलाल सरकार के पास न तो कोई स्पष्ट नीति है और न ही प्रशासनिक स्तर पर नियंत्रण दिखाई देता है।
उन्होंने यह भी कहा कि विधानसभा में पेश किए जा रहे आंकड़े आपस में मेल नहीं खाते। नौकरियों से जुड़े आंकड़ों को लेकर भी उन्होंने विरोधाभास की बात कही। विधायक का आरोप है कि सरकार खुद तय नहीं कर पा रही कि वह क्या दावा कर रही है और क्या हकीकत है।
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