पटना। बिहार सरकार के सहकारिता मंत्री और वरिष्ठ भाजपा नेता रामकृपाल यादव ने पश्चिम बंगाल की राजनीति और पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर अब तक का सबसे तीखा हमला बोला है। उन्होंने ममता बनर्जी के शासनकाल की आलोचना करते हुए कहा कि वे सत्ता के नशे में इस कदर चूर थीं कि उन्हें जनता की तकलीफें दिखाई देना बंद हो गई थीं। उनके अनुसार, बंगाल की जनता ने लोकतंत्र की शक्ति का परिचय देते हुए ममता के ‘अहंकार’ को जड़ से उखाड़ फेंका है।

​इंदिरा गांधी से की ममता के ‘तानाशाही’ की तुलना

​बिहार एग्रीकल्चर अनुसंधान केंद्र में आयोजित भाजपा के एक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन के बाद मीडिया से मुखातिब होते हुए रामकृपाल यादव ने कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने ममता बनर्जी के शासन की तुलना पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के आपातकाल वाले दौर से की। यादव ने कहा, “जिस तरह मैडम इंदिरा गांधी ने देश में तानाशाही थोपी थी, इमरजेंसी लगाकर लोगों के बुनियादी लोकतांत्रिक अधिकारों और ‘हक-हकूक’ को छीना था, ठीक उसी राह पर ममता दीदी भी चल रही थीं।” उन्होंने आगे कहा कि सत्ता में रहते हुए ममता बनर्जी पूरी तरह ‘बेलगाम’ और ‘बउरा’ (पागलपन की हद तक अहंकारी) गई थीं।

​जनता ने वोट से दिया करारा जवाब

​भाजपा नेता ने बंगाल के चुनावी नतीजों पर खुशी जाहिर करते हुए कहा कि वहां की जनता उनके कुशासन और भ्रष्टाचार से ऊब चुकी थी। उन्होंने जोर देकर कहा कि किसी भी लोकतंत्र में जनता ही सर्वोपरि होती है और जब शासक निरंकुश हो जाता है, तो जनता उसे सबक सिखाती है। यादव के मुताबिक, बंगाल के लोगों ने वोट की चोट से यह साबित कर दिया कि अहंकार के लिए लोकतंत्र में कोई जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि अब बंगाल की जनता ने भारतीय जनता पार्टी को ‘सुशासन’ की सरकार चलाने का जनादेश दिया है।

​शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व में बनेगा ‘सोनार बांग्ला’

​पश्चिम बंगाल के नवनियुक्त मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की प्रशंसा करते हुए रामकृपाल यादव ने विश्वास जताया कि अब राज्य में विकास का एक नया अध्याय शुरू होगा। उन्होंने कहा, शुभेंदु अधिकारी एक जमीनी नेता हैं। मुझे पूरा भरोसा है कि उनके नेतृत्व में बंगाल की खोई हुई गरिमा वापस आएगी। उन्होंने अंत में संकल्प दोहराया कि भाजपा सरकार बंगाल के ऐतिहासिक ‘सोनार बांग्ला’ के सपने को हकीकत में बदलेगी और राज्य को भ्रष्टाचार मुक्त प्रशासन देगी।