हरियाणा डेस्क। हरियाणवी कलाकार और पूर्व बिग बॉस प्रतिभागी सपना चौधरी ने अपने पति वीर साहू के खिलाफ घरेलू हिंसा, शारीरिक मारपीट और उत्पीड़न के आरोप लगाते हुए अदालत का रुख किया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए दिल्ली की द्वारका महिला कोर्ट ने अंतरिम आदेश जारी कर वीर साहू को सपना चौधरी से किसी भी प्रकार का संपर्क करने से रोक दिया है।

सपना चौधरी ने अपनी याचिका में आरोप लगाया है कि उनके साथ कई बार शारीरिक हिंसा की गई। उन्होंने अदालत में कथित उत्पीड़न से जुड़े मेडिकल दस्तावेज, चोटों की तस्वीरें और ऑडियो रिकॉर्डिंग्स भी प्रस्तुत की हैं। याचिका में यह भी दावा किया गया है कि वीर साहू अक्सर उनके पेशेवर कार्यक्रमों में पहुंचकर हंगामा करते थे, जिससे उनकी सार्वजनिक छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की जाती थी।

बच्चों के साथ अलग रह रही हैं सपना

सपना चौधरी ने अदालत को बताया कि लगातार कथित उत्पीड़न के कारण उन्हें अपना ससुराल छोड़ना पड़ा। वर्तमान में वह अपने दो नाबालिग बच्चों के साथ अलग रह रही हैं।

अदालत ने दिए सुरक्षा संबंधी निर्देश

कोर्ट ने अंतरिम राहत देते हुए वीर साहू को सपना चौधरी से शारीरिक, टेलीफोनिक या डिजिटल माध्यम से संपर्क करने पर रोक लगा दी है। साथ ही उन्हें सपना के निवास, कार्यस्थल और उनकी फिल्म के प्रीमियर से जुड़े किसी भी स्थान के आसपास जाने से भी प्रतिबंधित किया गया है।

अदालत ने स्थानीय पुलिस और सुरक्षा अधिकारियों को सपना चौधरी की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा आदेश का पालन कराने के निर्देश दिए हैं।

25 जुलाई को होगी अगली सुनवाई

अदालत ने मामले में वीर साहू को औपचारिक समन जारी कर दिया है। इस प्रकरण की अगली सुनवाई 25 जुलाई को निर्धारित की गई है, जहां दोनों पक्षों की दलीलें सुनी जाएंगी।