कमल वर्मा, ग्वालियर। शहर के व्यस्त दाल बाजार में गुरुवार को कार का शीशा तोड़कर युवती का अपहरण कर ले जाने की घटना ने सनसनी फैली थी। बाद में खुलासा हुआ कि वह अपहरण नहीं था बल्कि “लुटेरी दुल्हन” गैंग की एक सोची-समझी साजिश थी। पुलिस ने इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार कर ठगी के 90 हजार बरामद कर लिया है। पुलिस अन्य साथियों और लुटेरी दुल्हन की तलाश में जुटी है।
शादी के नाम पर 2 लाख रुपए दे दिए
दरअसल शिवपुरी लिंक रोड निवासी मेहन्द्र पाराशर को बेटे की शादी के लिए एक लडक़ी की जरूरत थी। बेटा मानिसक रूप से विक्षित है। मुरैना निवासी राकेश शर्मा से उनका परिचय है। राकेश ने कहा कि वह एक लडक़ी को जानता है, उससे बेटे की शादी करा देगा। लेकिन उनकी दो लाख रुपए की मदद करनी होगी। इस पर वह तैयार हो गए। राकेश ने उन्हे किसी बंटी धाकड़ नाम के युवक से मिलाया। बंटी ने कहा कि उसकी साली पूनम गौर उर्फ डॉली से शादी करा देगा। जिसके बाद बंटी ने उन्हें हीरा ठाकुर से मिलवाया तो महेन्द्र ने हीरा ठाकुर और उसकी पत्नी को दो लाख रुपए दे दिए।
कार को ओवरटेक कर अपहरण
हालांकि उन्हें शंका हुई तो उन्होंने कहा कि 50 हजार बाद में लेना। लेकिन वह नहीं माने तो पूरी रकम दे दी। इसके बाद बंटी ने डॉली से उनके बेटे की शादी करा दी। शादी के नाम पर नोटरी कराने के बाद महेन्द्र बेटे बहू को कार में लेकर जा रहे थे। तभी कोतवाली थाना क्षेत्र दाल बाजार के पास एक एक्टिवा और बाइक से आए चार लोगों ने उन्हें ओवरटेक कर कार को रोका और दरवाजे का कांच फोड़कर कार में सवार दुल्हन का अपहरण कर लिया। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया था।दिनदहाड़े युवती का अपहरण की घटना से हड़कंप मच गया।
दुल्हन और उसकी गैंग की चाल
पुलिस मौके पर पहंची और जांच की तो पता चला कि वह अपहरण नहीं बल्कि दुल्हन और उसकी गैंग की सोची समझी साजिश थी। पुलिस ने गाड़ी के नम्बर में आधार पर एक युवक को पकड़ लिए और उसके पास से 90 हजार रुपए भी बरामद कर लिए। वहीं पुलिस ने फरियादी महेंद्र की शिकायत पर राकेश शर्मा, बंटी धाकड़, हीरा ठाकुर, पूनम गौर उर्फ डॉली और 4 अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर तलाश शुरू कर दी है।

