प्रदीप मालवीय, उज्जैन। भाद्रपद माह के पांचवे सोमवार पर आज उज्जैन में बाबा महाकाल की सवारी निकाली गई। भगवान महाकाल राजसी ठाठ बाट और लाव-लश्कर के साथ नगर भ्रमण पर निकले। बाबा की एक झलक पाने के लिए लोगों का हुजूम सड़कों पर देखा गया। सवारी पर पुष्प वर्षा की गई। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव और प्रभारी मंत्री गौतम टेटवाल भी सवारी में शामिल हुए।
श्री महाकालेश्वर मंदिर से शाम 4 बजे शुरू हुई बाबा की सवारी नगर के प्रमुख मार्गों से होती हुई शिप्रा नदी पर पहुंची। शिप्रा नदी के तट पर जल अभिषेक के बाद सवारी पुनः महाकाल मंदिर के लिए रवाना हुई। मान्यता है कि भगवान महाकाल सवारी के रूप में अपनी प्रजा का हाल जानने के लिए नगर भ्रमण पर निकलते है। वहीं अपने राजा की एक झलक पाने के लिए प्रजा भी घंटों तक सड़क के किनारे इंतजार करती है।

शाम को सभामंडप में पूजन के बाद राजा महाकाल को चांदी की पालकी में बैठाकर मंदिर से बाहर लाया गया। मंदिर से निकलते ही महाकाल द्वार पर पुलिस बैंड और सशस्त्र पुलिस दल ने सवारी को गार्ड आफ ऑनर दिया। सवारी के आगे घोड़ा, बैंड, पुलिस टुकड़ी और भजन मंडलियां चल रही थी। आज पालकी में चंद्रमौलेश्वर, हाथी पर मनमहेश, गरुढ़ रथ पर शिव तांडव, बैलगाड़ी पर उमा महेश और डोल रथ पर – होलकर मुखौटा स्वरूप में महाकालेश्वर प्रजा का हाल जानने नगर भ्रमण पर निकलें।
इन रास्तों से गुजरी सवारी
आपको बता दें कि सवारी परंपरागत मार्ग महाकाल चौराहा, गुदरी चौराहा, बक्षी बाजार और कहारवाडी से होती हुई रामघाट पहुंची। जहां मां शिप्रा नदी के जल से भगवान का अभिषेक और पूजन-अर्चन किया गया। इसके बाद सवारी रामानुजकोट, मोढ की धर्मशाला, कार्तिक चौक खाती का मंदिर, सत्यनारायण मंदिर, ढाबा रोड, टंकी चौराहा, छत्री चौक, गोपाल मंदिर, पटनी बाजार और गुदरी बाजार से होती हुई पुन: श्री महाकालेश्वर मंदिर के लिए रवाना हुई।

दर्शन की व्यवस्था
श्री महाकालेश्वर भगवान की सवारी का सजीव प्रसारण मंदिर प्रबंध समिति के फेसबुक पर और सवारी के दौरान चलित रथ में एल.ई.डी. के माध्यम से सवारी मार्ग में दर्शन हेतु खड़े श्रद्धालुओं को सजीव दर्शन की व्यवस्था की गई है। इस चलित रथ की विशेषता यह है कि, इसमें लाइव बॉक्स रखा गया, जिससे लाइव प्रसारण हुआ।
हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा, सवारी में सीएम भी हुए शामिल
बाबा महाकाल की पांचवी सवारी में आज हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा भी की गई। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव भी सवारी में शामिल हुए और रामघाट पर बाबा महाकाल का पूजन किया। 500 से अधिक कलाकारों वाले 8 जनजातीय दल ने भी भव्य प्रस्तुति दी। सवारी में आधुनिकता और आस्था का संगम देखने को मिलेगा। जिसमें रोबोट द्वारा भीड़ प्रबंधन, 84 महादेव की झांकियां एवं चलचित्र प्रस्तुति के साथ ही 1,100 बटुकों ने वैदिक उद्घोष किया। इसके साथ ही महाकालेश्वर बैंड के साथ ही पुलिस बैंड ने विशेष प्रस्तुति दी।

Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m


