लखनऊ. अखिलेश यादव ने एमएलसी चुनाव को लेकर भाजपा पर करारा तंज कसा है. उन्होंने कहा कि वाराणसी प्रशासन पर दिल्ली-लखनऊ के ‘विरोधाभासी दबाव’ को हम समझ सकते हैं, लेकिन अधिकारियों को लोकतंत्र का साथ देना चाहिए. अधिकारी इतना भ्रष्ट आचरण भी न करें कि अपनी ही निगाह में गिर जाएं. अंदर प्रशासन दिल्ली-लखनऊ के बीच की लड़ाई के दो पाटों के बीच में पिस रहा है और बाहर सक्रिय, सचेत, सतर्क पीडीए प्रहरी पूरी मुस्तैदी के साथ निगरानी कर रहे हैं. जरा सी भी चूक महंगी पड़ सकती है.

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आगे अखिलेश यादव ने कहा कि अभी तो हार की शुरुआत है, भाजपा को तो अब सदैव के लिए हारने की आदत डालनी है. पीडीए प्रहरियों से पुन: पुनः हमारी अपील है कि ‘जब तक जीत का प्रमाण नहीं, तब तक विश्राम नहीं. ’री-काउंटिंग या पुनः मतगणना कराके भी वाराणसी प्रशासन कुछ भी हासिल नहीं कर पायेगा क्योंकि पीडीए प्रहरी सजग हैं.

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अखिलेश यादव ने ये भी कहा कि हमारे अन्य कार्यकर्ता, नेतागण व निष्पक्ष चुनाव चाहनेवाले युवा और लोकतंत्र के शुभचिंतक हज़ारों की संख्या में आसपास के शहरों से अपने साथियों के लिए खाना-पानी लेकर मतगणना केंद्र की ओर बढ़ रहे हैं. नाइंसाफ़ी इतनी भी नहीं होनी चाहिए कि लोग नैतिकता की सीमाएं तोड़ने पर मजबूर हो जाएं. पीडीए प्रहरियों से पुन: पुनः हमारी अपील है कि ‘जब तक जीत का प्रमाण नहीं, तब तक विश्राम नहीं.’