मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में शुक्रवार को सचिवालय में कौशल विकास एवं सेवायोजन विभाग और उद्योग सहित प्राईवेट प्रशिक्षण संस्थानों के प्रतिनिधियों के साथ स्टेट स्किल डेवलपमेंट प्लान तैयार किए जाने के सम्बन्ध में बैठक आयोजित की गई. इस अवसर पर मुख्य सचिव ने राज्य एवं जनपद स्तर पर कौशल विकास की आवश्यकताओं के अनुरूप प्रशिक्षण कार्यक्रमों की योजना तैयार किए जाने के निर्देश दिए.

सीएस ने सभी जनपदों का डिस्ट्रिक्ट स्किल डेवलपमेंट प्लान भी शीघ्र तैयार कर पोर्टल पर अपलोड किए जाने के निर्देश दिए. उन्होंने जनपदों में रोजगार की संभावनाओं, उपलब्ध प्रशिक्षण सुविधाओं तथा कौशल की मांग का आकलन करते हुए योजना तैयार किए जाने पर जोर दिया. उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में रोजगार की संभावनाएं हैं, लेकिन उनके अनुरूप प्रशिक्षण पाठ्यक्रम उपलब्ध नहीं हैं, ऐसे क्षेत्रों को चिन्हित करते हुए कौशल विकास कार्यक्रम संचालित किए जाएं.

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मुख्य सचिव ने कहा कि उद्योगों की आवश्यकता और प्रशिक्षण संस्थानों में दिए जा रहे प्रशिक्षण के बीच के अंतर को चिह्नित कर उसे दूर करने की आवश्यकता है. इसके लिए प्रत्येक क्षेत्र में रोजगार अवसरों और प्रशिक्षण के लक्ष्यों का आकलन करते हुए योजना तैयार की जाए. उन्होंने उभरते हुए कौशल क्षेत्रों पर विशेष ध्यान देने तथा इस सम्बन्ध में सेतु आयोग के अध्ययन का भी उपयोग करने के निर्देश दिए.

सीएस ने कौशल विकास कार्यक्रमों को उद्योगों की वास्तविक जरूरतों से जोड़ने पर जोर देते हुए भारतीय उद्योग परिसंघ तथा प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग कॉलेजों के साथ समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए. उन्होंने प्रशिक्षण कार्यक्रमों के नियमित आकलन के साथ ही उनकी गुणवत्ता की जांच के लिए थर्ड पार्टी ऑडिट कराए जाने के निर्देश भी दिए.