13 July 2026 Panchang : हिंदू पंचांग के अनुसार, सोमवार यानी 13 जुलाई को आषाढ़ माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि है. आज सोमवती अमावस्या का विशेष संयोग बन रहा है. शाम 6:49 बजे से अमावस्या तिथि प्रारंभ होकर 14 जुलाई को सूर्योदय तक रहेगी. सोमवार और अमावस्या का यह दुर्लभ संयोग भगवान शिव, भगवान विष्णु और पितरों की आराधना के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है. इस दिन स्नान-दान, पीपल पूजन, पितृ तर्पण और दीपदान करने से विशेष पुण्य की प्राप्ति होती है. श्रद्धालु आर्थिक समृद्धि, पितृ कृपा और सुख-समृद्धि की कामना से व्रत, जप और पूजा-अर्चना कर सकते हैं.
आज का पंचांग
विक्रम संवत 2083 (गुजरात अनुसार 2082)
शक संवत -1948
अयन – दक्षिणायन
ऋतु – वर्षा ॠतु
मास – आषाढ़ (गुजरात-महाराष्ट्र ज्येष्ठ)
पक्ष – कृष्ण
तिथि – चतुर्दशी शाम 06:49 तक तत्पश्चात अमावस्या
नक्षत्र – आर्द्रा 14 जुलाई रात्रि 02:51 तक तत्पश्चात पुनर्वसु
योग – ध्रुव शाम 04:00 तक तत्पश्चात व्याघात
राहुकाल – सुबह 07:45 से सुबह 09:25 तक
सूर्योदय – 06:05
सूर्यास्त – 07:22
दिशाशूल – पूर्व दिशा में
अभिजीत मुहूर्त – सुबह 11:42 AM से दोपहर 12:35
अमृत काल – शाम 06:01 से शाम 07:26
ब्रह्म मुहूर्त – सुबह 03:57 से सुबह 04:45
व्रत पर्व विवरण- चतुर्दशी-आर्द्रा नक्षत्र योग (प्रातः 05:41 से शाम 06:49 तक) ( ॐकार का जप अक्षय फलदायी), सोमवती अमावस्या (शाम 06:49 बजे से 14 जुलाई सूर्योदय तक)
विशेष – चतुर्दशी व अमावस्या एवं व्रत के दिन स्त्री-सहवास तथा तिल का तेल खाना और लगाना निषिद्ध है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-38)
Lalluram.Com के व्हाट्सएप चैनल को Follow करना न भूलें.
https://whatsapp.com/channel/0029Va9ikmL6RGJ8hkYEFC2H

