Rajasthan News: जिस दिन पूरी दुनिया मदर्स डे मना रही थी, उसी दिन एक मां अपनी दो बेटियों के साथ मौत की आगोश में सो गई। राजस्थान के ब्यावर में एक छोटी सी गलती ने सब कुछ राख कर दिया। मंजर इतना खौफनाक था कि देखने वालों की रूह कांप गई।

गैस जलाते ही काल बनी रसोई

हादसा रेलड़ा ग्राम पंचायत के काणेचा उदावतान गांव में हुआ। यहां रहने वाली 28 साल की मनीषा अपनी दो बेटियों नविया (8 साल) और पल्लवी (5 साल) के साथ घर पर थी। दोपहर का वक्त था और मनीषा रसोई में चाय बनाने गई थी। उसे अंदाजा भी नहीं था कि सिलेंडर से गैस लीक हो रही है। जैसे ही उसने माचिस जलाई, पूरी रसोई आग का गोला बन गई।

कंकाल बन गए शरीर, गांव में पसरा सन्नाटा

आग इतनी तेजी से फैली कि मां और दोनों बेटियां रसोई के अंदर ही फंस गईं। चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग दौड़े, लेकिन आग की लपटें इतनी ऊंची थीं कि कोई अंदर घुसने की हिम्मत नहीं कर सका। सूचना मिलने पर ब्यावर से दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। दमकल प्रभारी ताराचंद भट्ट ने बताया कि जब तक आग बुझाई गई, तब तक सब खत्म हो चुका था। मां और दोनों बच्चियों के शरीर जलकर कंकाल बन चुके थे। घर का सारा सामान खाक हो गया है।

पुलिस और प्रशासन मौके पर

घटना की जानकारी मिलते ही सेंदड़ा थानाधिकारी हरिराम जाट पुलिस टीम के साथ पहुंचे। पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद तीनों शवों को बाहर निकाला और पोस्टमार्टम के लिए ब्यावर जिला अस्पताल भिजवाया। फिलहाल पूरे गांव में दहशत का माहौल है और हर आंख नम है।

पढ़ें ये खबरें