फरीदाबाद। रैपिडो की एक सवारी से शुरू हुई प्रेम कहानी का अंत इतना दर्दनाक होगा, शायद किसी ने नहीं सोचा था। मुलाकात दोस्ती में बदली, दोस्ती प्यार में और फिर दोनों ने प्रेम विवाह कर लिया। लेकिन इस रिश्ते का अंत तीन साल के मासूम आदित्य की हत्या के आरोप के साथ हुआ, जिसमें पुलिस ने उसके सौतेले पिता सुशांत को गिरफ्तार कर लिया है।
फरीदाबाद पुलिस ने लक्कड़पुर हत्याकांड का खुलासा करते हुए बताया कि तीन वर्षीय आदित्य की हत्या किसी बाहरी व्यक्ति ने नहीं, बल्कि उसके सौतेले पिता ने ही की थी। मामले का खुलासा करते हुए एसीपी क्राइम वरुण दहिया ने बताया कि बच्चे के नाना श्रीराम की शिकायत पर जांच शुरू की गई थी। शिकायत में बताया गया था कि उनके नाती आदित्य की गला रेतकर हत्या कर दी गई है।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि आदित्य की मां सुधा तिवारी के पहले पति की मृत्यु हो चुकी थी। करीब डेढ़ साल पहले उनकी मुलाकात रैपिडो चालक सुशांत से हुई थी। धीरे-धीरे दोनों के बीच बातचीत बढ़ी और रिश्ता प्रेम संबंध में बदल गया। करीब एक साल पहले दोनों ने प्रेम विवाह कर लिया। सुधा के पहले पति से तीन वर्षीय बेटा आदित्य था, जो अपनी नानी के पास रहता था।
पुलिस जांच में सामने आया कि सुशांत को आदित्य बिल्कुल पसंद नहीं था। पत्नी का बार-बार बेटे से मिलने मायके जाना उसे नागवार गुजरता था। इसी बात को लेकर पति-पत्नी के बीच अक्सर विवाद होता था। पुलिस के अनुसार यही नफरत धीरे-धीरे इतनी बढ़ गई कि उसने मासूम की जान लेने का फैसला कर लिया।
जांच में खुलासा हुआ कि घटना से एक दिन पहले आरोपी अपनी ससुराल शिव दुर्गा विहार पहुंचा था, जहां उसकी पत्नी पहले से मौजूद थी। 21 जून की सुबह जब तीन वर्षीय आदित्य कमरे में अकेला था, तब आरोपी ने मौके का फायदा उठाकर धारदार हथियार से उसका गला रेत दिया। वारदात के बाद उसने खुद को बचाने की कोशिश की, लेकिन पुलिस को उसके बयान और घटनाक्रम में कई विरोधाभास मिले।

मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच अपराध शाखा सेक्टर-16 को सौंपी गई। पुलिस ने साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर जब आरोपी से सख्ती से पूछताछ की तो वह टूट गया और उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। आरोपी ने स्वीकार किया कि वह पत्नी के पहले पति से हुए बेटे को पसंद नहीं करता था और इसी वजह से उसने हत्या की वारदात को अंजाम दिया।
एसीपी वरुण दहिया ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और अदालत में पेश कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना है कि शुरुआती जांच में मामला पारिवारिक विवाद और सौतेले पिता की नफरत से जुड़ा पाया गया है। जुटाए गए साक्ष्यों और आरोपी के कबूलनामे के आधार पर मामले की पूरी सच्चाई सामने आ गई है।

