संजय विश्वकर्मा, उमरिया। मध्य प्रदेश के उमरिया जिले के बिरसिंहपुर पाली नगर स्थित कन्या शिक्षा परिसर में छात्राओं के पैसों में हेरफेर और भ्रष्टाचार का बड़ा मामला सामने आया है। छात्राओं के निजी खर्च के लिए बैंक खातों में आने वाली राशि की बंदरबांट करने का आरोप विद्यालय की प्राचार्य सरिता जैन पर लगा है। विभागीय जांच में आरोप सिद्ध होने के बावजूद कार्रवाई न होने से नाराज युवा आमरण अनशन पर बैठ गए हैं।
ये भी पढ़ें: Rights के लिए नो कॉम्प्रोमाइज! हॉस्टल की बदहाली पर फूटा Gen Z का गुस्सा; 30 KM पैदल कलेक्ट्रेट के लिए निकलीं छात्राएं
परिजनों का समर्थन, 3 दिनों से जारी है अनशन
प्राचार्य को निलंबित करने और उनके खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज करने की मांग को लेकर दो युवा लगातार अनशन पर डटे हुए हैं। छात्राओं के परिजनों ने भी अनशन स्थल पर पहुंचकर इस हड़ताल और आंदोलन को अपना पूर्ण समर्थन दिया है। अनशनकारियों का आरोप है कि छात्राओं के निजी खाते में आने वाले पैसे के साथ-साथ हॉस्टल के भोजन, बजट और अन्य सुविधाओं में भी भारी भ्रष्टाचार किया गया है।
ये भी पढ़ें: PDS राशन की कालाबाजारी! गरीबों से सस्ते में खरीदकर ऊंचे दाम में बेचने का प्लान, 56 बोरी अनाज जब्त
सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि जब जांच अधिकारियों की रिपोर्ट में आरोप पूरी तरह सिद्ध हो चुके हैं तो फिर आरोपी प्राचार्य के खिलाफ कठोर अनुशासनात्मक और कानूनी कार्रवाई करने में प्रशासन आनाकानी क्यों कर रहा है? अनशनकारियों का साफ कहना है कि जब तक आरोपी प्राचार्य को निलंबित कर कानूनी कार्रवाई शुरू नहीं की जाती और निष्पक्ष जांच का ठोस आश्वासन नहीं मिलता तब तक उनका आमरण अनशन जारी रहेगा।
Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m


