अजय शास्त्री/ बेगूसराय। जिले के मंसूरचक थाना क्षेत्र अंतर्गत गोरापुर गांव में मानवता को शर्मसार कर देने वाली एक घटना सामने आई है। यहां मुर्गा पालन को लेकर हुए मामूली विवाद ने हिंसक रूप ले लिया, जिसमें एक पक्ष के लोगों ने घर में घुसकर बुजुर्ग दंपती पर लाठी-डंडों से बर्बर हमला कर दिया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है जिसने क्षेत्र में सनसनी फैला दी है।

​विवाद की जड़: स्वास्थ्य और स्वच्छता

​पीड़ित 80 वर्षीय कमलेश झा, जो स्वर्गीय शोभाकांत झा के पुत्र हैं, ने बताया कि उनके गोतिया वेदानंद झा घर के समीप मुर्गा पालन करते हैं। कमलेश झा स्वयं और उनकी पत्नी सावित्री देवी गंभीर रूप से सांस की बीमारी से जूझ रहे हैं। आरोप है कि मुर्गे के कारण होने वाली गंदगी और बदबू से उनका स्वास्थ्य और अधिक बिगड़ रहा था। इसी समस्या को देखते हुए उन्होंने कई बार वेदानंद झा से मुर्गा वहां से हटाने का विनम्र आग्रह किया था लेकिन वेदानंद ने इसे अनसुना कर दिया।

​हमले का खौफनाक मंजर

​पीड़ित बुजुर्ग के अनुसार 5 जून की घटना उस समय हुई जब वेदानंद झा, उनके पुत्र आशुतोष झा और संतोष झा सहित कुछ अन्य लोग कथित तौर पर शराब के नशे में उनके घर पहुंचे। बिना किसी उकसावे के, हमलावरों ने गाली-गलौज शुरू कर दी और अचानक लाठी-डंडों से बुजुर्ग दंपती पर टूट पड़े। हमला इतना घातक था कि बुजुर्ग कमलेश झा और उनकी पत्नी सावित्री देवी लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े। आरोप है कि हमलावरों ने बुजुर्ग महिला सावित्री देवी को जमीन पर पटककर बेरहमी से पीटा जिसका भयावह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

​पुलिसिया कार्रवाई और स्थिति

​घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए घायलों को मंसूरचक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। फिलहाल, दोनों की स्थिति चिकित्सकों की निगरानी में स्थिर बताई जा रही है।
​इस गंभीर मामले पर मंसूरचक थाना अध्यक्ष गोविंद कुमार पांडेय ने बताया कि पीड़ित के बयानों के आधार पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कांड संख्या 93/26 दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और आरोपियों की धरपकड़ के प्रयास जारी हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि दोनों परिवारों के बीच काफी समय से आपसी विवाद चल रहा था जो समय-समय पर छोटे-मोटे झगड़ों के रूप में सामने आता रहा है लेकिन यह हिंसा की पराकाष्ठा थी।