सोहराब आलम, मोतिहारी। बिहार में शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनावों को लेकर राजनीतिक सरगर्मी अपने चरम पर पहुंच गई है। राज्य के सभी प्रमुख राजनीतिक दल अपने-अपने समर्थित उम्मीदवारों के नामों की घोषणा करने में जुटे हैं, जिससे सियासी गलियारों में हलचल तेज हो गई है। इसी बीच, सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से जदयू के नेता रहे नजमुल होदा ने अपनी उम्मीदवारी का ऐलान कर इस चुनाव को और दिलचस्प बना दिया है।

​मोतिहारी में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर किया ऐलान

​मोतिहारी में एक प्रेस को संबोधित करते हुए एमएलसी प्रत्याशी नजमुल होदा ने मीडिया के सामने अपनी राजनीतिक स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि उन्हें पार्टी का आधिकारिक समर्थन मिले या न मिले, वह हर हाल में सारण निर्वाचन क्षेत्र से एमएलसी चुनाव लड़ेंगे। उनके इस बगावत भरे तेवर से राजनीतिक हलकों में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।

​राजनीतिक समीकरणों पर असर

​नजमुल होदा के इस फैसले को जदयू के भीतर चल रही खींचतान और असंतोष के रूप में देखा जा रहा है। सारण क्षेत्र के शिक्षकों और मतदाताओं के बीच उनकी सक्रियता को देखते हुए, उनका यह कदम अन्य दलों के साथ-साथ सत्ताधारी दल के समीकरणों को भी प्रभावित कर सकता है। देखना यह होगा कि आने वाले दिनों में पार्टी इस बगावती तेवर पर क्या रुख अपनाती है और चुनावी मैदान में इसका कितना असर देखने को मिलता है।