पटना। बिहार में मानसून फिलहाल कमजोर बना हुआ है। सोमवार को राज्य के नौ जिलों में हल्की बारिश या बूंदाबांदी होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार पूर्वी चंपारण, पश्चिमी चंपारण, सीवान, सारण, गोपालगंज, बक्सर, भोजपुर, रोहतास और कैमूर में स्थानीय स्तर पर बारिश हो सकती है। हालांकि राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम का असर सीमित रहने की संभावना है।
मौसम विभाग के मुताबिक बिहार में अगले तीन दिनों के दौरान मानसून की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। 15 से 17 सितंबर के बीच राज्य के कई हिस्सों में बारिश का दौर तेज होने के आसार हैं। इस दौरान उत्तर-पूर्वी बिहार में कुछ स्थानों पर भारी बारिश भी हो सकती है। इससे पहले मानसून की कमजोर गतिविधियों के कारण राज्य के बड़े हिस्से में अपेक्षित बारिश नहीं हो सकी है।

गांव बाढ़ से प्रभावित

बारिश कम होने के बावजूद बिहार में बाढ़ की स्थिति पूरी तरह सामान्य नहीं हुई है। राज्य के 14 जिलों के 2360 गांवों में करीब 44 लाख लोग अब भी बाढ़ के पानी से प्रभावित हैं। प्रदेश की आठ नदियां अभी भी खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। दूसरी ओर, पूरे मानसून सीजन में अब तक सामान्य से 35 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है।

बिहार पर असर कमजोर

मौसम विशेषज्ञों के अनुसार इस समय मध्य भारत के ऊपर कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। इसके चलते बारिश की मुख्य गतिविधियां मध्य भारत और आसपास के क्षेत्रों में केंद्रित हैं। यह सिस्टम अगले 24 घंटे में दक्षिण-पूर्वी राजस्थान और उत्तरी गुजरात की ओर बढ़ सकता है। वहीं मानसून की ट्रफ भी मध्य भारत से होकर गुजर रही है। यही वजह है कि फिलहाल बिहार में व्यापक बारिश के बजाय कुछ चुनिंदा जिलों में ही हल्की बारिश हो रही है।

सामान्य से 304.5 मिमी कम

पिछले 24 घंटे में भी राज्य में मानसून की गतिविधि कमजोर रही। किशनगंज के टेढ़ागाछ में 67 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि पटना में 6 मिमी बारिश हुई। पूरे सीजन में बिहार में अब तक 570.9 मिमी बारिश रिकॉर्ड हुई है, जबकि इस अवधि में सामान्य बारिश 875.4 मिमी होनी चाहिए थी। इस तरह राज्य में करीब 35 प्रतिशत बारिश की कमी बनी हुई है।

पटना में उमस और धूप के आसार

राजधानी पटना में सोमवार को दिन के समय धूप निकलने और उमस भरी गर्मी रहने की संभावना है। यहां बारिश के आसार कम हैं। हालांकि स्थानीय मौसम में मामूली बदलाव हो सकता है। अगले तीन दिनों तक राज्य के अधिकांश हिस्सों में अधिकतम तापमान में खास बदलाव की संभावना नहीं है। वहीं अगले पांच दिनों में न्यूनतम तापमान में भी कोई बड़ा परिवर्तन होने के आसार नहीं हैं।