बिहार के मौसम में एक बार फिर बड़ा बदलाव देखने को मिलने वाला है। मौसम विभाग ने पूरे राज्य में बारिश की संभावना जताई है, जिससे लंबे समय से सूखे जैसे हालात झेल रहे इलाकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। राज्य के 20 जिलों में बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है, जहां इस दौरान तेज हवाएं चलने और वज्रपात यानी आकाशीय बिजली गिरने की आशंका भी जताई गई है।
मौसम विभाग का अनुमान और चेतावनी
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, आने वाले दिनों में मानसून पूरी तरह सक्रिय रहेगा। खासकर आज और कल यानी 29 अगस्त को राज्य के अधिकांश हिस्सों में झमाझम बारिश होने के आसार हैं। यह मानसूनी गतिविधियां 1 सितंबर तक लगातार जारी रह सकती हैं। इस दौरान लोगों को खराब मौसम और आकाशीय बिजली के प्रति पूरी सावधानी बरतने की सलाह दी गई है, क्योंकि यह समय खेती और खुले में रहने वाले लोगों के लिए संवेदनशील हो सकता है।
बीते 24 घंटे का हाल और तापमान की स्थिति
पिछले 24 घंटों के दौरान मौसम का मिजाज अलग-अलग जगहों पर अलग-अलग रहा। एक तरफ सासाराम में झमाझम बारिश के बाद कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई, तो वहीं दूसरी तरफ राजधानी पटना में दिनभर बादल छाए रहने के कारण उमस भरी गर्मी ने लोगों को परेशान किया। इस दौरान सुपौल जिला 36.2 डिग्री सेल्सियस तापमान के साथ राज्य का सबसे गर्म जिला दर्ज किया गया।
मानसून सीजन में अब तक भारी बारिश की कमी
इस साल के मानसून सीजन पर नजर डालें तो बारिश के आंकड़े काफी निराश करने वाले रहे हैं। बिहार में अब तक सामान्य से 42 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। सामान्य तौर पर इस अवधि तक राज्य में 749.8 मिलीमीटर बारिश होनी चाहिए थी, लेकिन इसके मुकाबले केवल 434.4 मिलीमीटर बारिश ही रिकॉर्ड हो पाई है। इस तरह से राज्य में अभी भी 315.4 मिलीमीटर बारिश की कमी बनी हुई है। हालांकि, मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि आगामी दिनों में शुरू होने वाला यह नया दौर इस बड़े अंतर को कुछ हद तक पाटने में मदद कर सकता है।
राजधानी पटना में कैसा रहेगा मौसम का मिजाज
बात अगर राजधानी पटना की करें तो आने वाले तीन दिनों तक आसमान में आंशिक से घने बादल छाए रहने की संभावना है। इस दौरान शहर के अलग-अलग हिस्सों में रुक-रुक कर बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के मुताबिक, 29 से 31 अगस्त के बीच पटना का अधिकतम तापमान करीब 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान लगभग 28 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है, जिससे उमस से थोड़ी राहत मिल सकती है।
अचानक क्यों बदल रहा है मौसम का मिजाज
बिहार में मौसम के इस अचानक बदलाव के पीछे मुख्य वजह मानसून ट्रफ का सक्रिय होना है। पूर्वी भारत में मानसूनी गतिविधियों के बढ़ने से बंगाल की खाड़ी से नमी वाली हवाएं सीधे बिहार की तरफ आ रही हैं। इन नमी से भरपूर हवाओं और स्थानीय मौसम की स्थिति के मिलने से बादलों के निर्माण और गरज-चमक के साथ बारिश के अनुकूल माहौल तैयार हो रहा है। यही वजह है कि IMD ने पहले ही 26 अगस्त से 1 सितंबर के बीच पूरे राज्य में मानसूनी गतिविधियों में तेजी आने की बात कही थी, जो अब धरातल पर नजर आ रही है।


