एसडीएम अजय हुड्डा की अध्यक्षता में उपमंडल स्तरीय सतर्कता समिति की समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें बंधुआ मजदूरी की रोकथाम के लिए प्रभावी कदम उठाने पर चर्चा हुई।
राकेश कथूरिया, कैथल। जिले के कलायत में एसडीएम अजय हुड्डा की अध्यक्षता में बुधवार को बंधुआ मजदूरी के उन्मूलन और रोकथाम के लिए गठित उपमंडल स्तरीय सतर्कता समिति की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। इस अहम बैठक में विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों और समिति के मनोनीत सदस्यों ने भाग लिया। प्रशासनिक बैठक के दौरान एसडीएम अजय हुड्डा ने संबंधित अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि क्षेत्र में बंधुआ मजदूरी जैसी सामाजिक कुप्रथा को पूरी तरह रोकने के लिए प्रभावी निगरानी तंत्र विकसित किया जाए और इससे जुड़े कानूनी प्रावधानों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित किया जाए।
व्यापारिक प्रतिष्ठानों और ईंट-भट्टों की जांच
एसडीएम ने श्रम विभाग, पुलिस विभाग और राजस्व विभाग के अधिकारियों को संयुक्त रूप से काम करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि उपमंडल के अंतर्गत आने वाले सभी ईंट-भट्टों, निर्माण स्थलों, कृषि क्षेत्रों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर नियमित रूप से औचक निरीक्षण किया जाए। यदि किसी भी कार्यस्थल पर जबरन श्रम करवाने, मजदूरों का आर्थिक शोषण करने या सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम मजदूरी से कम भुगतान करने जैसी कोई भी शिकायत सामने आती है, तो संबंधित नियोक्ताओं के खिलाफ तत्काल प्रभाव से कड़ी कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाए।
श्रमिकों को जागरूक करने का अभियान
इस महत्वपूर्ण बैठक के दौरान बंधुआ श्रम प्रणाली (उन्मूलन) अधिनियम, 1976 के प्रभावी क्रियान्वयन की बारीकी से समीक्षा की गई। एसडीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे कार्यस्थलों का दौरा कर प्रवासी और स्थानीय श्रमिकों को उनके बुनियादी कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करें। उन्होंने आमजन से भी विशेष अपील करते हुए कहा कि यदि किसी भी नागरिक को बंधुआ मजदूरी या बाल श्रम से जुड़ी कोई भी पुख्ता जानकारी मिलती है, तो वे तुरंत उपमंडल प्रशासन या स्थानीय पुलिस को सूचित करें। सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान को पूरी तरह से गोपनीय रखा जाएगा।

