चंडीगढ़ के मनीमाजरा में नगर निगम कर्मचारी पंकज ने मानसिक तनाव के कारण फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए मोबाइल फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।
चंडीगढ़। जिले के मनीमाजरा स्थित राईया वाला मोहल्ला में सोमवार सुबह एक हृदयविदारक घटना सामने आई, जहां 28 वर्षीय युवक पंकज ने मानसिक तनाव के चलते अपने घर में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। पंकज नगर निगम के पब्लिक हेल्थ विभाग में ट्यूबवेल ऑपरेटर के पद पर कार्यरत था। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और सीएफएसएल (CFSL) की टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। शुरुआती जांच में यह बात सामने आ रही है कि युवक किसी युवती के साथ प्रेम संबंध के कारण पिछले कुछ समय से काफी मानसिक दबाव में था, जिसके चलते उसने यह खौफनाक कदम उठाया।
परिजनों ने दरवाजा तोड़ा तो कमरे में मिला शव
घटना के समय पंकज घर की पहली मंजिल पर स्थित अपने कमरे में था। सोमवार सुबह करीब 8:30 बजे उसने कमरे को अंदर से बंद कर लिया। जब काफी देर तक वह बाहर नहीं आया और परिजनों की आवाज लगाने पर भी कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली, तो परिवार ने पड़ोसियों की मदद से दरवाजा तोड़ दिया। दरवाजा खुलते ही सामने का दृश्य देखकर परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई; पंकज का शव पंखे से लटके फंदे पर झूल रहा था। परिजनों के अनुसार, पंकज के पिता सुभाष शर्मा नगर निगम में सुपरवाइजर हैं और मां आंगनबाड़ी में कार्यरत हैं। हाल ही में वर्ष 2024 में पंकज के बड़े भाई की भी बीमारी के कारण मृत्यु हो गई थी, जिससे परिवार पहले ही शोक में था।
पुलिस द्वारा मोबाइल और डिजिटल सबूतों की जांच
मौके पर पहुंची पुलिस को कमरे से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है, लेकिन युवक के मोबाइल फोन को कब्जे में ले लिया गया है। पुलिस अब पंकज की कॉल डिटेल्स, व्हाट्सएप चैट और सोशल मीडिया गतिविधियों को गहराई से खंगाल रही है ताकि आत्महत्या के पीछे के सटीक कारणों और उन परिस्थितियों का पता लगाया जा सके जिन्होंने उसे मजबूर किया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पंकज के इलेक्ट्रॉनिक डिवाइसेज से मिलने वाली जानकारी जांच में अहम कड़ी साबित होगी। फिलहाल शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और रिपोर्ट आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
परिवार में शोक की लहर और जांच में जुटी पुलिस
पंकज के पड़ोसियों ने बताया कि वह एक मृदुभाषी युवक था, लेकिन पिछले कुछ दिनों से गुमसुम रहने लगा था। आत्महत्या करने से कुछ देर पहले ही उसे उसके पिता ने सामान्य हालत में देखा था, जिसके बाद वे मंदिर चले गए थे। उसकी मां ने भी उसे ड्यूटी पर जाने के लिए आवाज लगाई थी, लेकिन तब तक अनहोनी हो चुकी थी। इस दुखद घटना के बाद पूरे मोहल्ले और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस मामले के हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच कर रही है और जल्द ही संबंधित लोगों से पूछताछ की जा सकती है।

