बिजली की मांग को लेकर 48 गांवों के 500 ग्रामीणों ने खून से लिखा PM मोदी को पत्र, कहा- 21वीं सदी में भी अंधेरे में गुजर रही जिंदगी, बच्चों की पढ़ाई और स्वास्थ्य सेवाएं हो रही प्रभावित