कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि CFMS पोर्टल पर लंबित सभी फाइलों का निपटारा अधिकतम 15 दिनों में किया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी तरह की देरी बर्दाश्त नहीं होगी, क्योंकि इससे प्रशासनिक कार्य प्रभावित होते हैं।

मुख्यमंत्री ने ये बात सिविल सचिवालय में समीक्षा बैठक की अध्यक्षता के दौरान कही। उन्होंने सभी विभागों को निर्देश दिए कि वे लंबित मामलों की गहन समीक्षा करें और जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय करें।

उन्होंने कहा कि फाइलों को समय-समय पर अपडेट करना जरूरी है, ताकि पारदर्शिता बनी रहे। साथ ही, e-Office सिस्टम के पूर्ण क्रियान्वयन पर जोर देते हुए कहा कि इससे कामकाज में तेजी और दक्षता आएगी। उन्होंने निर्देश दिए कि इसकी हर महीने समीक्षा की जाए और वे स्वयं इसकी मॉनिटरिंग करेंगे।

मुख्यमंत्री ने HRMS के सभी 18 मॉड्यूल्स को विभागवार लागू करने के निर्देश दिए, ताकि मानव संसाधन प्रबंधन में एकरूपता लाई जा सके। साथ ही HRMS 2.0 की प्रगति और क्रियान्वयन की समय-सीमा पर भी नजर रखने को कहा।

उन्होंने साफ कहा कि अच्छा काम करने वालों को प्रोत्साहन मिलेगा, लेकिन लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई तय है। मुख्यमंत्री ने दोहराया कि फाइलों का समय पर निपटारा जरूरी है, ताकि विकास कार्य बिना रुकावट चलते रहें और जनता को बेहतर सेवाएं मिलती रहें।

बैठक में हरियाणा के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी, ट्रेजरी एंड अकाउंट्स के डायरेक्टर जनरल सीजी रजनीकांथन, एचआरडी की डायरेक्टर मनदीप कौर, सीएमजीजीए के निदेशक डा. यशपाल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।