सोनू वर्मा,नूंह। हरियाणा के नूंह जिले में स्वास्थ्य विभाग में कथित भ्रष्टाचार का बड़ा मामला सामने आया है। एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने डिप्टी सीएमओ डॉ. मनप्रीत सिंह को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोप है कि एक निजी अस्पताल की सील खुलवाने और संचालक का नाम मुकदमे से हटवाने के बदले पांच लाख रुपये की मांग की गई थी।

जानकारी के अनुसार करीब एक सप्ताह पहले पुनहाना स्थित लबुजा निजी अस्पताल में सरकारी दवाएं मिलने और अन्य संदिग्ध गतिविधियों के आरोप में अस्पताल को सील कर उसके खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। अस्पताल संचालक तौफीक निवासी अलावलपुर की शिकायत पर एसीबी ने जाल बिछाया और सोमवार को पुनहाना-शिकरावा रोड स्थित मोहन भट्ठा के पास डॉ. मनप्रीत सिंह को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार कर लिया।

सूत्रों के मुताबिक आरोपी अधिकारी अस्पताल की सील खुलवाने और मुकदमे से नाम निकलवाने के एवज में कुल पांच लाख रुपये की मांग कर रहा था।

स्वास्थ्य विभाग में मचा हड़कंप

डिप्टी सीएमओ की गिरफ्तारी के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। बताया जा रहा है कि डॉ. मनप्रीत सिंह जिले में निजी अस्पतालों पर कार्रवाई और निरीक्षण के लिए नोडल अधिकारी की जिम्मेदारी संभाल रहे थे।

कार्रवाई के नाम पर वसूली की चर्चाएं

सूत्रों के अनुसार पिछले कुछ महीनों में जिले के कई निजी अस्पतालों पर छापेमारी कर उन्हें सील किया गया था, लेकिन बाद में कई अस्पताल दोबारा संचालित होने लगे। इसे लेकर लंबे समय से कार्रवाई के नाम पर कथित लेन-देन और वसूली की चर्चाएं चल रही थीं।

अब एसीबी की इस कार्रवाई के बाद पूरे मामले की परतें खुलने की उम्मीद जताई जा रही है। फिलहाल एंटी करप्शन ब्यूरो मामले की जांच में जुटी है और यह पता लगाया जा रहा है कि इस कथित भ्रष्टाचार नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल हो सकते हैं।