बराड़ा, (अनिल शर्मा )। मुलाना थाना क्षेत्र के बिंजलपुर में शनिवार तड़के हुए सड़क हादसे में एक पिकअप चालक की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा उस समय हुआ जब सड़क किनारे पलटी फास्ट फूड ट्राली को सीधा करने का प्रयास किया जा रहा था। आरोप है कि मिट्टी से भरे एक तेज रफ्तार डंपर ने ट्राली और उसके पास खड़े लोगों को टक्कर मार दी। चालक डंपर छोड़कर मौके से फरार हो गया।

पुलिस के अनुसार, घटना सढौरा-दोसड़का मार्ग पर करीब 12:15 बजे हुई। शिकायतकर्ता लवप्रीत सिंह ने पुलिस को बताया कि वह 19 जून 2026 को रणजीत सिंह, सतनाम सिंह और पिकअप चालक गुरमेल सिंह के साथ पटियाला से पांवटा साहिब गए थे। वहां से फास्ट फूड की ट्राली लेकर लौटते समय बिंजलपुर के पास पिकअप के पीछे बंधी ट्राली असंतुलित होकर पलट गई। ट्राली को सीधा करने के लिए चारों लोग सड़क किनारे जुटे थे। इसी दौरान वहां से गुजर रहे स्थानीय निवासी और बुलेट मोटरसाइकिल सवार रवि कुमार भी मदद के लिए रुक गए। आरोप है कि सढौरा की दिशा से आया मिट्टी से लदा डंपर तेज गति में था और चालक ने वाहन पर नियंत्रण नहीं रखा। डंपर ने ट्राली को जोरदार टक्कर मार दी, जिसकी चपेट में वहां मौजूद लोग भी आ गए।

तीन गंभीर रूप से घायल

हादसे में गुरमेल सिंह, लवप्रीत सिंह, रणजीत सिंह और रवि कुमार घायल हुए। सूचना मिलने पर डायल 112 और मुलाना थाना पुलिस की टीम मौके पर पहुंची तथा घायलों को एंबुलेंस से एमएम अस्पताल, मुलाना पहुंचाया गया। उपचार के दौरान गुरमेल सिंह ने दम तोड़ दिया। लवप्रीत सिंह के निचले हिस्से में गंभीर चोटें बताई गई हैं। रणजीत सिंह के सिर और टांग में चोट लगी है, जबकि रवि कुमार के कूल्हे की हड्डी टूटने की जानकारी सामने आई है। सतनाम सिंह भी हादसे में घायल हुआ है।

डम्पर चालक के खिलाफ केस दर्ज

मुलाना थाना पुलिस ने शिकायतकर्ता के बयान और अस्पताल से प्राप्त सूचना के आधार पर अज्ञात डंपर चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के सामने अब चालक की पहचान, डंपर के स्वामित्व और हादसे के समय वाहन की गति से जुड़े साक्ष्य जुटाने की चुनौती है। यह दुर्घटना रात के समय सड़कों पर खड़े या खराब हुए वाहनों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था की कमी का भी सवाल उठाती है। ऐसे मामलों में चेतावनी संकेत, रिफ्लेक्टर और पर्याप्त दूरी पर बैरिकेडिंग न होने से सहायता कर रहे लोग भी गंभीर जोखिम में आ जाते हैं। जांच से यह स्पष्ट होना बाकी है कि डंपर चालक की लापरवाही के अलावा सड़क पर दृश्यता और सुरक्षा प्रबंधों की स्थिति क्या थी।