फरीदाबाद। हरियाणा के फरीदाबाद के जीवन नगर पार्ट-1 में मंगलवार सुबह एक बड़ा और दर्दनाक हादसा हो गया। नगर निगम के सरकारी सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (Sewage Treatment Plant) में काम करने गए दो युवकों की टैंक में गिरने से मौत हो गई। यह घटना सुबह करीब 6 बजे की बताई जा रही है। हादसे के बाद पूरे प्लांट परिसर में अफरा-तफरी मच गई। आनन -फानन में पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम को मौके पर बुलाया गया।

चैन लगाने के लिए टैंक में उतरे थे कर्मचारी
प्लांट ऑपरेटर शिवम कुमार ने बताया कि मृतक आकाश और अमन काफी समय से इस संयंत्र में काम कर रहे थे। आकाश पिछले करीब तीन साल से और अमन करीब डेढ़ साल से यहां कार्यरत था। दोनों की उम्र लगभग 26 वर्ष थी और दोनों अभी अविवाहित थे। शिवम के अनुसार सुबह ठेकेदार की ओर से फोन आया था कि टैंक की सफाई के लिए एक लोहे की चैन लगानी है। इसी काम को पूरा करने के लिए आकाश और अमन सुबह-सुबह मौके पर पहुंचे थे।
जहरीली गैस के कारण टूटा सुरक्षा कवच
वहां मौजूद कर्मचारियों के मुताबिक आकाश सेफ्टी बेल्ट (safety belt) बांधकर टैंक के अंदर उतर रहा था। इसी दौरान टैंक से अचानक तेज जहरीली गैस (toxic gas) निकली। गैस चढ़ने के कारण आकाश का संतुलन बिगड़ गया और वह नीचे की ओर खिंचने लगा। इसी बीच उसकी सेफ्टी बेल्ट भी टूट गई और वह सीधे गहरे टैंक में जा गिरा। अपने साथी को मुसीबत में फंसा देख अमन उसे बचाने के लिए तुरंत नीचे उतरा। लेकिन पैर फिसलने के कारण वह भी टैंक के भीतर गिर गया।
तीसरे साथी को जैसे-तैसे बचाया गया
हादसे के दौरान वहां मौजूद तीसरा कर्मचारी विपिन भी दोनों दोस्तों को बचाने के लिए सेफ्टी बेल्ट बांधकर नीचे उतरने लगा था। हालांकि टैंक से निकल रही जहरीली गैस का असर उस पर भी होने लगा। वह भी बेहोश होकर गिरने की स्थिति में पहुंच गया था। लेकिन मौके पर मौजूद अन्य कर्मचारियों ने सूझबूझ दिखाई और समय रहते उसे रस्सी से ऊपर खींच लिया, जिससे उसकी जान बच गई।
पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम जांच में जुटी
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय मुजेसर थाने से एएसआई सुनील कुमार पुलिस बल और फायर ब्रिगेड की गाड़ियों (fire brigade vehicles) के साथ मौके पर पहुंचे। राहत और बचाव दल (rescue team) ने तुरंत रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। टीम ने काफी मशक्कत के बाद एक युवक के शव को बाहर निकाल लिया है, जबकि दूसरे को निकालने का प्रयास जारी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा व्यवस्था में लापरवाही को लेकर मामले की पूरी जांच की जा रही है।
