कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़। चंडीगढ़ में हरियाणा विजन-2047 के तहत स्वास्थ्य विभाग की 5 वर्षीय कार्ययोजना की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini ने बड़ा संदेश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित भारत-2047 के लक्ष्यों को हरियाणा तय समय से पहले हासिल करेगा और इसके लिए विश्वस्तरीय प्रोफेशनल टीमों की मदद लेकर योजनाओं का तेजी से क्रियान्वयन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य हर व्यक्ति तक उत्कृष्ट, सुलभ और सुरक्षित स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना है।

मुख्यमंत्री ने मातृ एवं शिशु मृत्यु दर कम करने के लिए वार रूम की तर्ज पर सेंट्रलाइज्ड कंट्रोल रूम बनाने के निर्देश दिए, जहां से पूरे प्रदेश में गर्भवती महिलाओं और नवजात शिशुओं के स्वास्थ्य की लगातार निगरानी होगी। साथ ही अस्पतालों में दवाइयों का पूरा रिकॉर्ड ऑनलाइन करने, निजी स्कूलों के बच्चों की भी हेल्थ स्क्रीनिंग सुनिश्चित करने और कैंसर मरीजों के लिए डे-केयर कैंसर सेंटरों को मजबूत करने पर जोर दिया गया।

रेफर किए गए कैंसर मरीजों को डे-केयर सेंटरों में निशुल्क कीमोथैरेपी

स्वास्थ्य विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव Dr. Sumita Misra ने बताया कि रेफर किए गए कैंसर मरीजों को डे-केयर सेंटरों में निशुल्क कीमोथैरेपी दी जा रही है। बैठक में वर्ष 2030 तक हर वार्ड और गांव को टीबी मुक्त बनाने का लक्ष्य भी तय किया गया। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि कोई भी टीबी मरीज अनट्रेस न रहे और तकनीक के माध्यम से शुरुआती पहचान कर समय पर इलाज सुनिश्चित किया जाए। इसके अलावा आयुष विभाग को बीमारियों के इलाज से ज्यादा जागरूकता और बचाव पर फोकस करने को कहा गया। मेडिकल कॉलेजों को PPP मॉडल पर संचालित करने की संभावनाएं तलाशने, सरकारी अस्पतालों की रेटिंग प्रणाली विकसित करने और ट्रॉमा सेंटरों को लेवल-1 एवं लेवल-2 तक अपग्रेड करने के निर्देश भी दिए गए।

बीमार होने से पहले बचाव” की रणनीति पर फोकस

मुख्यमंत्री ने कहा कि अब स्वास्थ्य विभाग का फोकस केवल इलाज नहीं बल्कि “बीमार होने से पहले बचाव” की रणनीति पर होना चाहिए। इसी के तहत प्रदेश के सभी अस्पतालों, स्वास्थ्य संस्थानों और मेडिकल कॉलेज परिसरों में ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत बड़े स्तर पर पौधारोपण करने के निर्देश दिए गए। बैठक में मुख्यमंत्री के मुख्य प्रधान सचिव Rajesh Khullar, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव Arun Gupta, मुख्यमंत्री के ओएसडी व स्वर्ण जयंती हरियाणा राजकोषीय प्रबंधन संस्थान के महानिदेशक Dr. Raj Nehru, मुख्यमंत्री के उप प्रधान सचिव Yashpal Yadav तथा स्वास्थ्य सचिव R. S. Dhillon सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।