० 50 MBBS सीटों को मंजूरी, नए मेडिकल कॉलेजों से बदलेगी प्रदेश की स्वास्थ्य तस्वीर : आरती सिंह राव
चंडीगढ़। हरियाणा के स्वास्थ्य ढांचे को जल्द ही बड़ी मजबूती मिलने वाली है। रेवाड़ी में निर्माणाधीन एम्स में जुलाई से ओपीडी सेवाएं शुरू होने की संभावना है, जबकि 50 एमबीबीएस सीटों को भी मंजूरी मिल गई है। स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कहा कि इसके साथ ही प्रदेश में नए मेडिकल कॉलेजों और अस्पतालों का नेटवर्क तेजी से विस्तार पा रहा है, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं और मेडिकल शिक्षा दोनों क्षेत्रों में हरियाणा नई ऊंचाइयों को छुएगा।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि एम्स के शुरू होने से दक्षिण हरियाणा सहित आसपास के क्षेत्रों के लोगों को अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाएं मिलेंगी। गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए अब मरीजों को बड़े महानगरों का रुख नहीं करना पड़ेगा।
हर अस्पताल बनेगा ‘ग्रीन अस्पताल’, लगेंगे सोलर प्लांट
आरती सिंह राव ने बताया कि प्रधानमंत्री Narendra Modi की ग्रीन एनर्जी नीति के अनुरूप हरियाणा सरकार भी स्वास्थ्य संस्थानों को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में काम कर रही है। प्रदेश के सभी सिविल अस्पतालों में सोलर प्लांट लगाने की योजना पर तेजी से कार्य किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इससे अस्पताल अपनी जरूरत की बिजली स्वयं पैदा कर सकेंगे, बिजली खर्च में कमी आएगी और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।
मेडिकल शिक्षा के विस्तार पर सरकार का फोकस
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि सरकार स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ मेडिकल शिक्षा को मजबूत करने के लिए भी प्रतिबद्ध है। प्रदेश में कई नए मेडिकल कॉलेजों का निर्माण तेजी से चल रहा है, जिससे अधिक छात्रों को चिकित्सा शिक्षा के अवसर मिलेंगे।
उन्होंने बताया कि जींद मेडिकल कॉलेज का निर्माण लगभग पूरा हो चुका है और इसी वर्ष इसके हैंडओवर की उम्मीद है। इसके बाद नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) से मंजूरी लेकर प्रवेश प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
कुटेल, यमुनानगर, कैथल और सिरसा में भी तेजी से निर्माण
आरती सिंह राव के अनुसार, कुटेल (करनाल) में मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल का निर्माण अंतिम चरण में है। वहीं यमुनानगर, कैथल और सिरसा में भी मेडिकल कॉलेजों के निर्माण कार्य तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।
इन संस्थानों के शुरू होने से प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार होगा और मेडिकल छात्रों को राज्य के भीतर ही बेहतर शिक्षा के अवसर मिल सकेंगे।
स्वास्थ्य सेवाओं में नया अध्याय
स्वास्थ्य मंत्री ने विश्वास जताया कि रेवाड़ी एम्स सहित नए मेडिकल संस्थानों के संचालन से हरियाणा स्वास्थ्य सेवाओं और चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों में अपनी मजबूत पहचान बनाएगा।

