Haryana NEET Exam 2026 Security: हरियाणा में 21 जून को होने वाली नीट (NEET Exam) परीक्षा को लेकर राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। परीक्षा में किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकने के लिए केंद्र और राज्य सरकार मिलकर पैनी नजर रखेंगी। पुलिस मुख्यालय (police headquarters) की ओर से इस बार परीक्षा के दौरान विशेष निगरानी रखी जाएगी। इसके लिए खुफिया तंत्र (intelligence agencies) को भी अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए गए हैं।
CM नायब सैनी खुद कर रहे हैं निगरानी, अफसरों को कड़े निर्देश
नीट परीक्षा को सुरक्षित और पारदर्शी तरीके से कराने के लिए एक हाई-लेवल मीटिंग (high-level meeting) बुलाई गई। बैठक में सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी तंत्र को और मजबूत करने के आदेश दिए गए हैं। प्रदेश के डीजीपी (Haryana DGP) ने बताया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी खुद इस पूरे मामले की गंभीरता से निगरानी कर रहे हैं।
इस बैठक में प्रदेशभर के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, पुलिस महानिरीक्षक, पुलिस आयुक्त (Police Commissioner) और सभी जिलों के पुलिस अधीक्षक (SP) शामिल हुए। अधिकारियों को साफ कहा गया है कि परीक्षा केंद्रों (exam centers) के आसपास सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम होने चाहिए।
मेडिकल स्टोर्स पर होगी छापेमारी, CCTV फुटेज की जांच के आदेश
परीक्षा की सुरक्षा के साथ-साथ पुलिस अब एक और बड़े मोर्चे पर काम कर रही है। बैठक में राज्य नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (State Narcotics Control Bureau) के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक संजय कुमार ने सभी थाना प्रभारियों को खास निर्देश दिए हैं। पुलिस टीम अब स्कूलों और कोचिंग संस्थानों में जाकर युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करेगी।
इसके साथ ही सभी जिलों में मेडिकल स्टोर और केमिस्ट एसोसिएशन (Chemist Association) के साथ नियमित बैठकें करने के आदेश दिए गए हैं। पुलिस अब केमिस्ट की दुकानों के स्टॉक और वहां लगे सीसीटीवी (CCTV footage) की जांच करेगी, ताकि दवाओं के अवैध इस्तेमाल को रोका जा सके।
अपराधियों पर कस रहा शिकंजा, 15 दिनों में मांगी रिपोर्ट
नशीले पदार्थों की तस्करी और अवैध बिक्री पर रोक लगाने के लिए पुलिस लगातार एक्शन मोड में है। पिछले 5 सालों में कमर्शियल क्वांटिटी (commercial quantity) के मामलों में कुल 3,062 अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई है। वहीं, साल 2023 से अब तक पीआईटी-एनडीपीएस एक्ट (PIT-NDPS Act) के तहत 153 लोगों को हिरासत में लिया जा चुका है। पुलिस ने अब सभी जिला कप्तानों को आदेश दिया है कि वे अगले 15 दिनों के भीतर ऐसे अपराधों में शामिल लोगों का पूरा ब्योरा और वेरिफिकेशन रिपोर्ट मुख्यालय भेजें।

